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सहरसा में सिंचाई विभाग की जमीन से अतिक्रमण हटाया:JCB से कई घर तोड़े, परिवार बेघर, कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई




सहरसा जिले के कहरा प्रखंड की बरियाही पंचायत के वार्ड संख्या-10 में शुक्रवार को प्रशासन ने सिंचाई विभाग की भूमि पर से अतिक्रमण हटा दिया। इस अभियान के दौरान जेसीबी की मदद से फूस और ईंट से बने कई मकानों को ध्वस्त कर दिया गया। यह कार्रवाई कहरा अंचलाधिकारी निरंजन कुमार मिश्रा के नेतृत्व में की गई। प्रशासन ने बताया कि यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश पर की गई है। अंचलाधिकारी निरंजन कुमार मिश्रा के अनुसार, खेसरा संख्या 4198 और 4562 स्थित सिंचाई विभाग की भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराने के लिए यह अभियान चलाया गया। इस दौरान राजस्व कर्मचारी रामनाथ पासवान और अंचल अमीन गणेश कुमार सहित अन्य अधिकारी मौके पर मौजूद थे। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल भी तैनात किया गया था। खाली जमीन पर बासगीत पर्चा दिया गया था
इस कार्रवाई से प्रभावित परिवारों ने अपनी स्थिति पर चिंता व्यक्त की। कई भूमिहीन परिवारों का कहना था कि उनके पास रहने के लिए अपनी कोई जमीन नहीं है। वे वर्षों से सिंचाई विभाग की नहर किनारे झोपड़ी बनाकर जीवन-यापन कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्होंने कई बार अंचल कार्यालय में बासगीत पर्चा के लिए आवेदन किया था, लेकिन उन्हें अब तक जमीन उपलब्ध नहीं कराई गई। कुछ खास लोगों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य स्थानीय निवासी प्रमोद साह ने दावा किया कि उन्हें पूर्व में नहर किनारे की खाली जमीन पर बासगीत पर्चा दिया गया था। उन्होंने यह भी बताया कि इंदिरा आवास योजना के तहत मिली राशि से उन्होंने ईंट का पक्का घर बनवाया था, जिसे प्रशासन ने ध्वस्त कर दिया। प्रमोद साह ने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई कुछ खास लोगों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। अतिक्रमण हटाने की इस कार्रवाई के बाद प्रभावित परिवार खुले आसमान के नीचे आ गए हैं। कई महिलाओं और बच्चों को अपने सामान के साथ सड़क किनारे बैठे देखा गया। इस घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल है। वहीं, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सरकारी भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराने का अभियान आगे भी जारी रहेगा और सभी कार्रवाई न्यायालय के निर्देशों का पालन करते हुए की जा रही हैं।



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