प्रमोद यादव। प्रयागराज3 मिनट पहले
- कॉपी लिंक

प्रयागराज में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) का अभियान लगातार तीसरे दिन भी जारी रहा। मंडलायुक्त के निर्देश पर विभाग की टीमों ने शहर के प्रमुख बाजारों से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक ताबड़तोड़ छापेमारी की।
इस दौरान विभिन्न प्रतिष्ठानों से 9 खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। टीमों ने मौके पर ही 14 किलो दूषित मिठाई और चाशनी नष्ट कराई।

अतरसुइया से हंडिया तक पहुंची टीमें, मिठाई के सैंपल लिए
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने अतरसुइया, रामबाग, चौफटका और चकनिरातुल के अलावा सोरांव, हंडिया और ददौली के बाजारों में भी जांच की। टीमों ने कई मिठाई की दुकानों और खाद्य प्रतिष्ठानों से नमूने लिए।
टीम अतरसुइया स्थित अमृत स्वीट्स, रामबाग के कलश स्वीट और चकनिरातुल के बच्चा स्वीट्स से बूंदी लड्डू के नमूने लिए गए। हंडिया के नंद स्वीट हाउस और रामेश्वर स्वीट हाउस से भी बूंदी लड्डू के सैंपल जांच के लिए भेजे गए। चौफटका की शांति स्वीट से बेसन लड्डू का नमूना लिया गया।
सोरांव और ददौली क्षेत्र में भी टीमों ने खाद्य पदार्थों की जांच की। यहां से मिल्क केक और बेसन के नमूने संग्रहित कर प्रयोगशाला भेजे गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता स्पष्ट होगी।
अखबारी कागज में पैक हो रही थीं मिठाइयां
चकनिरातुल स्थित बच्चा स्वीट्स में जांच के दौरान मिठाइयों की पैकिंग में अखबारी कागज का इस्तेमाल मिला। टीम ने तत्काल ऐसे सभी पैकेट हटवाए। अधिकारियों ने दुकानदार को चेतावनी दी कि अखबार की स्याही स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकती है। भविष्य में इस तरह मिठाई पैक करते पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य विभाग के सहायक आयुक्त डॉ. दीनानाथ यादव ने बताया कि सभी नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। रिपोर्ट में खाद्य पदार्थ मानकों के विपरीत पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि लोगों को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए मिलावट विरोधी अभियान आगे भी जारी रहेगा।

