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Scholarship Scam Explained; Abroad Study Fraud Prevention Methods


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36 मिनट पहलेलेखक: शिवाकान्त शुक्ल

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हर साल हजारों छात्र इंटरनेशनल स्कॉलरशिप के लिए आवेदन करते हैं। इससे उन्हें फीस, आवास और पढ़ाई से जुड़े अन्य खर्चों के लिए आर्थिक मदद मिलती है। लेकिन अब साइबर अपराधियों की नजर इस पर भी पड़ चुकी है।

ठग छात्रों को निशाना बना रहे हैं। वे नकली वेबसाइट, ईमेल और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए छात्रों को फर्जी स्कॉलरशिप का ऑफर दे रहे हैं। वे छात्रों को स्कॉलरशिप का झांसा देकर रजिस्ट्रेशन, प्रोसेसिंग फीस और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के नाम पर पैसे ऐंठ रहे हैं। इतना ही नहीं, ठग छात्रों के पासपोर्ट, बैंक डिटेल्स और दूसरे डॉक्यूमेंट्स का इस्तेमाल करके कई तरह के फ्रॉड को अंजाम दे रहे हैं।

पिछले दिनों गृह मंत्रालय और ‘इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर’ (I4C) ने इस स्कैम को लेकर चेतावनी दी है।

इसलिए आज ‘साइबर लिटरेसी’ में ‘इंटरनेशनल स्कॉलरशिप स्कैम’ के बारे में बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि-

  • स्टूडेंट्स इस स्कैम में कैसे फंस जाते हैं?
  • इस स्कैम से बचने के लिए क्या करें?

एक्सपर्ट- राहुल मिश्रा, साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर, उत्तर प्रदेश पुलिस

सवाल- ‘स्कॉलरशिप स्कैम’ क्या है?

जवाब- यह एक साइबर फ्रॉड है, जिसमें ठग फर्जी स्कॉलरशिप का झांसा देकर स्टूडेंट्स और गार्जियंस को निशाना बनाते हैं। इसका मकसद लोगों से पैसे उगाहना और पर्सनल व बैंकिंग डिटेल्स जैसी संवेदनशील जानकारी चुराना है।

सवाल- साइबर ठग स्टूडेंट्स को इस स्कैम में कैसे फंसाते हैं?

जवाब- ठग फर्जी स्कॉलरशिप के विज्ञापन, ईमेल, मैसेज और वेबसाइट के जरिए छात्रों से संपर्क करते हैं। इसके बाद वे रजिस्ट्रेशन फीस, डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और प्रोसेसिंग फीस जैसे बहानों से पैसे ऐंठते हैं। स्कैम का पूरा खेल ग्राफिक से समझिए-

सवाल- ठग किन स्टूडेंट्स को निशाना बनाते हैं?

जवाब- ठग आमतौर पर उन स्टूडेंट्स को निशाना बनाते हैं, जो विदेश में पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप की तलाश में हैं। वे खासकर ग्रेजुएशन, पोस्ट-ग्रेजुएशन और रिसर्च प्रोग्राम के लिए स्कॉलरशिप खोज रहे स्टूडेंट्स को फर्जी ऑफर भेजते हैं।

सवाल- फर्जी स्कॉलरशिप आवेदन के क्या संभावित रिस्क हैं?

जवाब- इसमें आर्थिक नुकसान के साथ–साथ स्टूडेंट की पर्सनल डिटेल्स गलत हाथों में चली जाती है। ठग इसका इस्तेमाल बैंकिंग फ्रॉड या अन्य साइबर अपराधों के लिए कर सकते हैं। सभी रिस्क ग्राफिक में देखिए-

सवाल- स्कैमर्स किन बहानों से पैसे मांगते हैं?

जवाब- ठग स्टूडेंट्स को ये भरोसा दिलाते हैं कि स्कॉलरशिप प्रक्रिया पूरी करने के लिए फीस जमा करना जरूरी है। वे अलग-अलग बहानों से पैसे मांगते हैं, ताकि स्टूडेंट्स बिना ज्यादा जांच-पड़ताल के रकम ट्रांसफर कर दें, जैसेकि-

  • रजिस्ट्रेशन फीस
  • प्रोसेसिंग फीस
  • डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन फीस
  • रिफंडेबल सिक्योरिटी डिपॉजिट
  • एडमिनिस्ट्रेशन चार्ज

सवाल- असली और फर्जी स्कॉलरशिप का फर्क कैसे समझें?

जवाब- इनके बीच कुछ स्पष्ट अंतर होते हैं, लेकिन जल्दबाजी में स्टूडेंट्स अक्सर इन पर ध्यान नहीं देते। दोनों का अंतर ग्राफिक में देखिए-

सवाल- क्या असली स्कॉलरशिप के लिए कोई फीस लगती है?

जवाब- ज्यादातर स्कॉलरशिप में कोई प्रोसेसिंग और वेरिफिकेशन फीस नहीं ली जाती है। हालांकि कुछ संस्थानों में आवेदन शुल्क हो सकता है, लेकिन इसकी जानकारी हमेशा आधिकारिक वेबसाइट पर स्पष्ट रूप से दी जाती है। अगर स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर बार-बार पैसे मांगे जाएं, तो सतर्क हो जाना चाहिए।

सवाल- स्कॉलरशिप आवेदन करते समय स्टूडेंट्स को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

जवाब- स्कॉलरशिप की जानकारी हमेशा यूनिवर्सिटी, सरकारी विभाग या संबंधित संस्था की आधिकारिक वेबसाइट से ही चेक करनी चाहिए। सभी सावधानियां ग्राफिक में देखिए-

सवाल- स्कॉलरशिप आवेदन करते समय कौन-से संकेत दिखें तो सतर्क हो जाएं?

जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-

  • संस्था की पहचान स्पष्ट न हो।
  • जल्द आवेदन/भुगतान का दबाव बनाया जाए।
  • संदिग्ध वेबसाइट या लिंक भेजा जाए।
  • ईमेल आईडी आधिकारिक न लगे।
  • स्कॉलरशिप की जानकारी कहीं और उपलब्ध न हो।

सवाल- क्या एजेंट के जरिए आवेदन करना सुरक्षित है?

जवाब- साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर राहुल मिश्रा के मुताबिक, रजिस्टर्ड और भरोसेमंद एजेंट के जरिए आवेदन कर सकते हैं। लेकिन बिना जांच-पड़ताल के बैंक डिटेल्स, OTP, पासवर्ड या ओरिजिनल डॉक्यूमेंट न दें। अगर कोई एजेंट स्कॉलरशिप दिलाने की गारंटी दे या पहले पैसे मांगे, तो सतर्क हो जाएं।

सवाल- अगर स्कॉलरशिप स्कैम का शिकार हो जाएं तो क्या करें?

जवाब- ऐसी स्थिति में बिना देर किए कुछ जरूरी कदम उठाएं-

  • UPI और नेट बैंकिंग ट्रांजैक्शन चेक करें।
  • सभी स्क्रीनशॉट और चैट सुरक्षित रखें।
  • सभी जरूरी पासवर्ड तुरंत बदलें।
  • बैंक को तुरंत सूचना दें।
  • संबंधित अकाउंट/कार्ड ब्लॉक करवाएं।

ध्यान रखें, जितनी जल्दी कार्रवाई करेंगे, नुकसान का रिस्क उतना ही कम होगा।

सवाल- स्कॉलरशिप स्कैम की शिकायत कहां करें?

जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-

  • स्कॉलरशिप देने वाली संस्था या यूनिवर्सिटी से मामले की शिकायत करें।
  • साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 या नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
  • शिकायत के लिए सभी स्क्रीनशॉट, ईमेल, लिंक और ट्रांजैक्शन रिकॉर्ड सुरक्षित रखें।

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ग्राफिक्स- अजीत सिंह

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