Headlines

नवोदय विद्यालय बहेरा में छात्रों ने विकसित भारत की कल्पना:'मेरे सपनों का भारत' प्रतियोगिता में भाषण, रंगोली और चित्रकला में लिया हिस्सा




बेमेतरा के जवाहर नवोदय विद्यालय बहेरा में ‘मेरे सपनों का भारत’ विषय पर एक प्रतियोगिता हुई। यह प्रतियोगिता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित हुई। इसमें भाषण, रंगोली और चित्रकला प्रतियोगिताएं शामिल थीं। विद्यार्थियों ने अपनी कल्पना और रंगों के जरिए साल 2047 के विकसित, आत्मनिर्भर और समृद्ध भारत की तस्वीर दिखाई। किसी छात्र ने डिजिटल क्लासरूम और डिजिटल छत्तीसगढ़ को चित्र के माध्यम से दिखाया, तो किसी ने ग्रीन एनर्जी, डिजिटल भारत, स्वच्छ गांव, नक्सल मुक्त छत्तीसगढ़ और महिला सशक्तिकरण जैसे विषयों को अपनी कला में शामिल किया। प्रतियोगिताओं के दौरान विद्यालय परिसर में उत्साह और देशभक्ति का माहौल रहा। भाषण प्रतियोगिता में अदिति साहू (कक्षा 10वीं) ने पहला स्थान हासिल किया। वेदप्रकाश (कक्षा 10वीं) दूसरे और पावनी सिन्हा (कक्षा 10वीं) तीसरे नंबर पर रहे। रंगोली प्रतियोगिता में अरावली सीनियर गर्ल्स पहले, नीलगिरी जूनियर गर्ल्स दूसरे और शिवालिक जूनियर गर्ल्स तीसरे स्थान पर रहीं। चित्रकला प्रतियोगिता में उपासना साहू (कक्षा 7वीं अ) ने पहला स्थान पाया। आयुष साहू (कक्षा 7वीं अ) दूसरे और तृप्ति साहू (कक्षा 6वीं अ) तीसरे नंबर पर रहे। अच्छा प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को मेडल और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। भाषण में अदिति साहू, रंगोली में अरावली सीनियर गर्ल्स और चित्रकला में उपासना साहू को खास तौर पर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की जिला संयोजक और जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना योगेश तिवारी ने विद्यार्थियों की प्रतिभा की तारीफ की। उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान से बच्चों को यह सोचने का मौका मिला कि साल 2047 में भारत कैसा होना चाहिए। उन्होंने बताया कि बच्चों ने अपनी मेहनत से रंगोली, चित्रकला और भाषण के जरिए विकसित भारत की कल्पना प्रस्तुत की। उनके चित्रों में आत्मनिर्भर, स्वच्छ और संस्कारवान भारत की झलक दिखती है। प्राचार्य बोले- सेवा और संकल्प से आगे बढ़ेगा देश विद्यालय के प्राचार्य किशोर कुमार दाहिकार ने कहा कि सेवा संकल्प एक अच्छा विचार है, जिसमें सेवा और विकास की भावना जुड़ी है। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में सकारात्मक सोच और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हैं। प्रधानमंत्री के विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में नई पीढ़ी की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। छात्रा ने कहा- 2047 तक विकसित भारत बनाने का संकल्प भाषण प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली अदिति साहू ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान भारत को 2047 तक विकसित बनाने के संकल्प से जुड़ा है। भारतीयों के मन में सेवा और संकल्प की भावना है। इस कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों को अपने विचार रखने और देश के भविष्य की कल्पना करने का अवसर मिला। विद्यालय के शिक्षकों ने बताया कि इस तरह की प्रतियोगिताओं से विद्यार्थियों में राष्ट्रबोध, रचनात्मकता और कल्पनाशक्ति बढ़ती है। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ भाग लिया। बच्चों ने 2047 के विकसित भारत की कल्पना उकेरी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर बेमेतरा के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यमिक विद्यालय में भी बच्चों ने अपनी रचनात्मक प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम की जिला संयोजक और जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना योगेश तिवारी स्कूल पहुंचीं। उन्होंने छात्र-छात्राओं से मुलाकात की और उनकी प्रस्तुतियां देखीं। विद्यार्थियों ने आधुनिक तकनीक से लैस भारत, हरित ऊर्जा, स्वच्छ पर्यावरण, डिजिटल इंडिया, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और अंतरिक्ष तकनीक से आगे बढ़ते भारत की कल्पना को चित्रों में बनाया। वहीं, भाषण के जरिए विकसित भारत को लेकर अपने विचार रखे। बच्चों ने कृषि और उद्योग, प्रौद्योगिकी, ग्रीन और ब्लू इकोनॉमी, ग्रीन एनर्जी, सॉफ्टवेयर, योग-आयुर्वेद-संस्कृति और रक्षा-सुरक्षा जैसे विषयों पर अपनी सोच को रंगों और शब्दों में व्यक्त किया। उन्होंने नक्सल मुक्त छत्तीसगढ़, नक्सल मुक्त भारत, स्वच्छ भारत और डिजिटल भारत जैसे विषयों पर भी विचार दिए। रंगोली से सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण का संदेश दिया गया। जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना योगेश तिवारी ने बताया कि इस कार्यक्रम में जिले के 6 से 7 स्कूल शामिल हुए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर को आशीर्वाद का दीप जलाकर कार्यक्रम शुरू किया गया था। यह सेवा संकल्प अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक एक महीने चलेगा। उन्होंने बच्चों की कल्पना शक्ति और रचनात्मक प्रतिभा की तारीफ की और उनका उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम के दौरान स्कूलों में विद्यार्थियों और शिक्षकों में काफी उत्साह दिखा। बच्चों ने अपनी प्रस्तुतियों से विकसित भारत के सपने को रंगों और शब्दों में दिखाया।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *