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बूंदी में 31 अगस्त से सजेगा ऐतिहासिक कजली तीज मेला:15 दिन चलेंगे विविध आयोजन, पॉलिथीन पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध




बूंदी का ऐतिहासिक कजली तीज मेला इस बार 31 अगस्त से 14 सितंबर तक आयोजित किया जाएगा। पुरानी परंपराओं और लोक संस्कृति के प्रतीक इस मेले को लेकर नगर परिषद ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। नगर परिषद ने नागरिकों और व्यापारियों से अधिक संख्या में भाग लेने और अपने प्रतिष्ठानों को आकर्षक ढंग से सजाने की अपील की है। नगर परिषद आयुक्त ब्रजेश राय ने बताया कि मेले का मुख्य आकर्षण तीज माता की शाही सवारी रहेगी। इसके साथ ही मेले में प्रतिदिन रात्रि 8 बजे से सांस्कृतिक, धार्मिक, कवि सम्मेलन और अन्य विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। 31 अगस्त को निकलेगी पहली शाही सवारी 31 अगस्त को शाम 5 बजे रामप्रकाश टॉकीज से तीज माता की शाही सवारी निकलेगी। सवारी सदर बाजार, चौमुखा बाजार, चौगान बाजार, सब्जी मंडी रोड, सूर्यमल्ल मिश्रण चौराहा और पुरानी नगर परिषद के आगे से होते हुए कुम्भा स्टेडियम पहुंचेगी। 1 सितंबर को दूसरी सवारी 1 सितंबर को भी शाम 5 बजे रामप्रकाश टॉकीज से तीज माता की सवारी निकाली जाएगी। यह चौमुखा बाजार, चौगान दरवाजा, इंद्रा मार्केट और एक खंभे की छतरी से होते हुए खोजा गेट रोड से कुम्भा स्टेडियम स्थित मेला स्थल पहुंचेगी। मेला मंच पर इस दौरान अलगोजा कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया जाएगा। सवारी में अलगोजा कार्यक्रम पेश करने वाली ग्रामीण पार्टियों में से प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली टीमों को पुरस्कार दिए जाएंगे। बारिश हुई तो बदलेगा सवारी का मार्ग मौसम को देखते हुए नगर परिषद ने विशेष व्यवस्था की है। यदि वर्षा होती है तो तीज माता की सवारी पुराने नगर परिषद कार्यालय, बूंदी से निकाली जाएगी। पॉलिथीन पर प्रतिबंध, दुकानदारों को रखना होगा कचरा पात्र मेले में स्वच्छता को लेकर भी नगर परिषद ने दिशा-निर्देश जारी किए हैं। मेला मैदान में पॉलिथीन के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा मेला स्थल पर दुकान लगाने वाले सभी व्यापारियों के लिए अपनी दुकान के बाहर कचरा पात्र रखना अनिवार्य होगा। भजन संध्या से कवि सम्मेलन तक होंगे कार्यक्रम आमजन के मनोरंजन के लिए प्रतिदिन रात्रि 8 बजे विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रमों की शुरुआत 2 सितंबर को भजन संध्या से होगी। इसके बाद 3 सितंबर को पर्यटन विभाग का सांस्कृतिक कार्यक्रम, 4 सितंबर को जन्माष्टमी महोत्सव, 5 सितंबर को राजस्थानी कवि सम्मेलन, 6 सितंबर को स्कूली बच्चों का कार्यक्रम, 7 सितंबर को रंगारंग कार्यक्रम और 8 सितंबर को राजस्थानी सांस्कृतिक कार्यक्रम होगा। 9 से 14 सितंबर तक भी रंगारंग आयोजन 9 सितंबर को देशभक्ति सांस्कृतिक कार्यक्रम, 10 सितंबर को सांस्कृतिक कार्यक्रम, 11 सितंबर को बॉलीवुड नाइट, 12 सितंबर को अखिल भारतीय कवि सम्मेलन और 13 सितंबर को स्टार नाइट कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। 14 सितंबर को पुरस्कार वितरण एवं समापन समारोह के साथ मेले का समापन होगा।



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