![]()
चंबा जिले के भरमौर में गैहरा-मरौर सड़क की बदहाल स्थिति और लगातार हो रहे हादसों से परेशान ग्रामीणों ने शनिवार को पठानकोट-भरमौर नेशनल हाईवे पर गैहरा-मरौर जीरो चौक के पास धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान ग्रामीणों ने करीब एक घंटे तक रोड जाम रखा। प्रदर्शन में पंचायत प्रधान, पंचायत समिति सदस्य, वार्ड सदस्य सहित बड़ी संख्या में महिलाओं और स्थानीय ग्रामीणों ने भाग लिया। ग्रामीणों ने सड़क की खस्ताहालत को लेकर विभाग और प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया। उनका कहना था कि गैहरा-मरौर सड़क लंबे समय से खराब है, जिससे लोगों को आए दिन परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एक्सीडेंट में हुई थी महिला की मौत प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने बताया कि गुरुवार को गैहरा-मरौर सड़क पर एक पिकअप वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस हादसे में एक महिला की मौत हो गई, जबकि तीन लोग घायल हुए थे। ग्रामीणों का दावा है कि अब तक इस सड़क पर हुए हादसों में करीब आधा दर्जन लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। लगातार हादसों के बावजूद सड़क की स्थिति में सुधार न होने से लोगों में भारी नाराजगी है। धरने की सूचना मिलते ही लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता राकेश मरोल और कनिष्ठ अभियंता मनोज कुमार मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत की और सड़क की स्थिति सुधारने के लिए सात दिनों के भीतर आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया। इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने करीब एक घंटे बाद धरना और चक्का जाम समाप्त कर दिया। ग्रामीणों ने अधिकारियों को कराया वास्तविक स्थिति से अवगत धरना समाप्त करने के बाद ग्रामीण विभागीय अधिकारियों के साथ सड़क मार्ग पर गए। उन्होंने अधिकारियों को मौके की वास्तविक स्थिति से अवगत कराया और सड़क के खराब हिस्से दिखाकर जल्द सुधार कार्य शुरू करने की मांग की। ग्रामीणों के अनुसार, गैहरा-मरौर सड़क का निर्माण कार्य वर्ष 1977 से चला आ रहा है, लेकिन यह अभी तक पूरी तरह तैयार नहीं हो पाई है। दिन-प्रतिदिन सड़क की हालत खराब होती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि वे इस संबंध में कई बार विभाग, प्रशासन और सरकार को सूचित कर चुके हैं।
Source link
भरमौर में ग्रामीणों ने किया पठानकोट मार्ग जाम:खराब सड़क को लेकर नाराजगी, बोले- हादसों में हो चुकी आधा दर्जन लोगों की मौत
