![]()
रेवाड़ी की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने नाबालिग लड़की के अपहरण और रेप के मामले में दोषी को 20 साल कैद और 20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। जुलाई 2014 में घर से स्कूल की लिए निकली छात्रा वापस नहीं आई, तलाश करने पर वह लखनऊ से बरामद हुई थी। परिजनों ने शहर निवासी युवक पर बहला-फुसलाकर ले जाने और रेप करने के आरोप लगाए थे। मॉडल टाउन थाना पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने यह फैसला सुनाया। घर से निकली, स्कूल नहीं पहुंची लड़की की मां ने मॉडल टाउन थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 14 जुलाई की सुबह उसकी 14 वर्षीय बेटी घर से स्कूल के लिए निकली थी। छुट्टी के बाद वह घर नहीं लौटी तो स्कूल में संपर्क करने पर पता चला कि वह स्कूल पहुंची ही नहीं। महिला ने अपने बेटी के अपहरण की आशंका जताई। केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने जांच के बाद नाबालिग लड़की को लखनऊ से बरामद किया। रेप के लिए लगाए आरोप बरामदगी के बाद नाबालिग लड़की ने रेवाड़ी निवासी युवक चेतन पर बहला-फुसला कर ले जाने तथा उसके साथ रेप करने का आरोप लगाए। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पोस्को सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर गिरफ्तार किया। मामला तभी से कोर्ट में विचाराधीन था। मामले की सुनवाई करने के बाद अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट के न्यायाधीश डॉ. मैनपाल रामावत ने चेतन को दोषी माना। कोर्ट ने उसे 20 साल कैद और 20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना राशि अदा नहीं करने पर दो माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
Source link
रेवाड़ी में रेप के दोषी को 20 साल की कैद:कोर्ट ने 20 हजार का जुर्माना लगाया, स्कूल के लिए निकली नाबालिग छात्रा-लखनऊ से मिली
