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वोट चोरी पर सिरसा में कांग्रेस विधायक-जिलाध्यक्ष का प्रदर्शन:बेनीवाल बोले-ये सरकार ज्ञानेश कुमार की, संतोष बोली-जांच बैठाकर जेल में डालना चाहिए




“वोट चोरी” पर सिरसा जिले में आज सोमवार को कांग्रेस विधायक और जिलाध्यक्ष ने अपने कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ लघुसचिवालय गेट पर प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और बीजेपी सराकर के खिलाफ नारेबाजी की और चुनाव आयुक्त के पुतले का दहन किया। कांग्रेस ने चुनाव आयुक्त को हटाकर जांच कमेटी बनाने की मांग की। ऐलनाबाद विधायक भरत सिंह बेनीवाल ने वाेट चोरी पर मीडिया को दिए बयान में कहा, ये सरकार इस ज्ञानेश कुमार की बनाई हुई है। इसने वोट चोरी कर बीजेपी की सरकार बनवा दी। इस वोट चुराने वाले को सरकार को जेल के अंदर करना चाहिए। ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा देना चाहिए। हम लोगों के लिए आगे हुए हैं और ये सरकार ज्ञानेश कुमार की है। जिलाध्यक्ष संतोष बेनीवाल ने मीडिया से कहा, भाजपा की सरकार बार-बार सत्ता में आ रही है और सबको पता है कि वोट चोरी किए गए हैं। जनता पहले ही बीजेपी को नकार चुकी है। ज्ञानेश कुमार को हटाकर उस पर कार्रवाई करनी चाहिए। इसीलिए ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका गया है। ये वोट आरएसएस, बीजेपी और चुनाव आयोग ने की है। जनता का विश्वास चुनाव आयोग से उठ चुका है। इसके चलते पुलिस प्रशासन भी अलर्ट रहा और काफी संख्या में पुलिस तैनात रही। कांग्रेस विधायक व नेता वोट चोरी के विरोध में अपने-अपने हाथ पर काला पट्‌टी बांधकर पहुंचे। प्रदर्शन से जुड़ी फोटोज: चुनाव आयुक्त चैलेंज कर रहा, वोट चोरी करेंगे : सर्वमित्र रानियां से कांग्रेस उम्मीदवार रहे सर्वमित्र कंबोज ने मीडिया से कहा, मुख्य चुनाव आयुक्त ने लोकतंत्र का मजाक बना दिया है। ज्ञानेश कुमार एक तरह से चैलेंज कर रहा है कि आप जहां मर्जी वोट डालो, हम आपका वोट चोरी करेंगे। वोट चोरी करके सरकार ही बदल देंगे। एक ही मांग है कि ज्ञानेश कुमार को कुर्सी से हटाया जाए और उसके खिलाफ जांच बैठाई जाए। भागने की जगह नहीं मिलेगी : सर्वमित्र सर्वमित्र बोले, ऐसा करने वालों की हकीकत देश के सामने आनी चाहिए। जिस तरह जेन-जी सड़कों पर आया था तो ज्ञानेश कुमार को भागने की भी जगह नहीं मिलेगी। ज्ञानेश कुमार को आदेश कौन दे रहा था। ये पता चलना चाहिए। राहुल गांधी पिछले कितने लंबे से ये मुद्दा उठा रहे थे। लोग मजाक बना रहे थे। उन्होंने सुबूत के साथ बताया और वोट चोरी का लोग मान नहीं रहे थे। चुनाव आयुक्त के साथ तीन में दो अधिकारी कह रहे हैं कि सही नहीं चल रहा। उसका जवाब नहीं है। जो दोषी है, उसी पर कार्रवाई होनी चाहिए। कालांवाली विधायक शीशपाल नहीं पहुंचे इस प्रदर्शन में कांग्रेस एकजुट दिखी। इस बार जिलाध्यक्ष के बजाय विधायक को जिम्मेदारी दी गई। जिलेभर से पार्टी नेता व कार्यकर्ता आए हुए थे और वोट चोरी पर चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग की और बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। कालांवाली से कांग्रेस नेता निर्मल सिंह मलड़ी भी कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे। कालांवाली विधायक शीशपाल कहरवाला प्रदर्शन में नहीं दिखे।



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