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Monsoon 2026; Wet Shoes Health Risk – Fungal Infection


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36 मिनट पहलेलेखक: अदिति ओझा

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बारिश के मौसम में अक्सर जूते गीले हो जाते हैं। ऐसे में उनमें से स्मेल आने लगती है। धूप की कमी और हवा में ज्यादा नमी की वजह से जूते जल्दी सूख नहीं पाते। इससे उनके अंदर बैक्टीरिया और फंगस पनपने लगते हैं। नतीजतन, जूतों में स्मेल के साथ पैरों में खुजली, रैशेज और फंगल इन्फेक्शन का रिस्क बढ़ जाता है।

लगातार गीले या नम जूते पहनने से यह समस्या और गंभीर हो सकती है। ऐसे में मानसून में जूतों की रेगुलर सफाई, उन्हें पूरी तरह सुखाना और सही तरीके से स्टोर करना जरूरी है।

इसलिए ‘जरूरत की खबर’ में बात करेंगे कि बारिश में जूतों को लेकर क्या सावधानियां बरतनी चाहिए। साथ ही जानेंगे कि-

  • किस तरह के जूतों से इन्फेक्शन का रिस्क है?
  • जूतों से स्मेल दूर करने के लिए तुरंत क्या करें?

एक्सपर्ट: डॉ. डिंपल कोठारी, कंसल्टेंट, डर्मेटोलॉजी, नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर

सवाल- मानसून में जूतों से स्मेल क्यों आती है?

जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-

  • बारिश में जूते बार-बार गीले होते हैं और धूप कम मिलने के कारण ठीक से सूख नहीं पाते। इससे उनके अंदर लगातार नमी बनी रहती है।
  • यह नम और बंद वातावरण माइक्रोऑर्गेनिज्म (सूक्ष्मजीव) के लिए अनुकूल माहौल होता है।
  • ये बैक्टीरिया पसीने और स्किन की डेड सेल्स के साथ रिएक्शन करके स्मेल पैदा करते हैं।

सवाल- नमी जूतों को कैसे प्रभावित करती है?

जवाब- नमी की वजह से जूते का इनसोल और कपड़ा खराब होने लगता है। लंबे समय तक गीले रहने पर जूते की सिलाई और गोंद भी कमजोर पड़ सकती है। इससे जूते की लाइफ कम हो जाती है।

सवाल- किस तरह के जूतों में फंगस का रिस्क ज्यादा होता है?

जवाब- जिन जूतों में एयर-फ्लो कम होता है, उनमें फंगस का रिस्क ज्यादा रहता है, जैसेकि कैनवास, लेदर और टाइट फिटेड शूज। ग्राफिक में ऐसे जूतों की लिस्ट देखिए-

सवाल- गीले जूते पहनने से कौन-सा इन्फेक्शन हो सकता है?

जवाब- इससे दाद, खुजली और लाल चकत्ते जैसी समस्याएं हो सकती हैं। अगर स्किन पर पहले से कट या घाव हो तो बैक्टीरियल इन्फेक्शन का रिस्क बढ़ सकता है। ग्राफिक में देखिए-

सवाल- किन लोगों को मानसून में जूतों से इन्फेक्शन का ज्यादा रिस्क होता है?

जवाब- मानसून में गीले जूते और मोजे पहनने से किसी को भी इन्फेक्शन हो सकता है। हालांकि, कुछ लोगों में इसका रिस्क ज्यादा होता है। ग्राफिक में देखिए-

सवाल- जूते गीले हो जाएं तो उन्हें सही तरीके से कैसे सुखाएं?

जवाब- पॉइंटर्स में देखिए-

  • इनसोल और लेस निकालें- इन्हें अलग-अलग सुखाने से जूते जल्दी सूखते हैं।
  • जूते में अखबार या टिश्यू भरें- यह अंदर की नमी तेजी से सोख लेते हैं।
  • हवादार जगह पर रखें- जहां अच्छी हवा आती हो, वहां जूते जल्दी सूखते हैं।
  • पंखे या कूलर की हवा दें- लगातार हवा मिलने से नमी जल्दी निकल जाती है।
  • जूते उल्टे करके रखें- इससे अंदर की नमी आसानी से बाहर निकलती है।
  • अखबार बार-बार बदलें- अगर जूते ज्यादा गीले हैं, तो हर कुछ घंटों में अखबार बदल दें।
  • तेज धूप से बचाएं- लेदर या सिंथेटिक जूतों को तेज धूप में रखने से उनका मैटेरियल खराब हो सकता है।
  • ड्रायर या हीटर से दूर रखें- ज्यादा गर्मी से जूतों का शेप बिगड़ सकता है और गोंद भी कमजोर पड़ सकता है।

सवाल- जूतों की स्मेल कैसे दूर करें?

जवाब- इसके लिए कुछ आसान तरीके अपनाए जा सकते हैं, जैसेकि

  • जूतों के अंदर थोड़ा बेकिंग सोडा डालकर 4-5 घंटे (या रात भर) छोड़ दें। यह स्मेल को अब्जॉर्ब करता है।
  • पानी और व्हाइट विनेगर बराबर मात्रा में मिलाकर हल्का स्प्रे करें। इससे बैक्टीरिया कम होंगे।
  • सूखे टी बैग जूतों में रखें। ये स्मेल और नमी दोनों सोखते हैं।
  • जूतों के अंदर एंटीफंगल पाउडर डालें। इससे स्मेल पैदा करने वाले माइक्रोब्स कम होते हैं।
  • थोड़ी देर के लिए खुली हवा में रखें। इससे स्मेल कम हो जाती है।
  • इंस्टेंट फ्रेशनेस के लिए फुट डियो/शू स्प्रे इस्तेमाल करें।
  • साफ और सूखे मोजे पहनें। इससे स्मेल का रिस्क कम होता है।

सवाल- मानसून में पैरों का हाइजीन (फुट केयर) कैसे मेंटेन करें?

जवाब- इसे पॉइंटर्स में देखिए-

  • रेगुलर पैरों को धोकर अच्छी तरह सुखाएं।
  • गीले जूते-मोजे तुरंत बदलें।
  • एंटीफंगल पाउडर या क्रीम इस्तेमाल करें।
  • ब्रीदेबल जूते या फुटवियर पहनें।
  • कॉटन या क्विक-ड्राई मोजे पहनें।
  • गुनगुने पानी में नमक या नीम डालें। पैरों को इसमें 10–15 मिनट तक डुबोकर रखें।
  • नाखून छोटे और साफ रखें।
  • किसी के साथ जूते शेयर न करें। इससे फंगल इन्फेक्शन फैल सकता है।
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सवाल- क्या वॉशिंग मशीन में जूते धोना सही है?

जवाब- यह जूतों के मैटेरियल पर निर्भर करता है। कैनवास और कुछ स्पोर्ट्स शूज जेंटल मोड में धोए जा सकते हैं। वहीं लेदर और सिंथेटिक जूते मशीन में धोना सही नहीं है। इससे मैटेरियल खराब हो सकता है।

सवाल- लेदर, स्पोर्ट्स और कैनवास जूतों की सफाई का सही तरीका क्या है?

जवाब- मैटेरियल के हिसाब से तरीका बदलता है। पॉइंटर्स में देखिए-

लेदर जूते

  • गीले कपड़े से हल्की सफाई करें।
  • ज्यादा पानी यूज न करें।
  • बाद में कंडीशनर/पॉलिश लगाएं।

स्पोर्ट्स शूज

  • ब्रश से मिट्टी हटाएं।
  • हल्के साबुन और पानी से साफ करें।
  • इनसोल अलग धोकर सुखाएं।

कैनवास शूज

  • साबुन-पानी से धोएं।
  • जिद्दी दाग पर सॉफ्ट ब्रश इस्तेमाल करें।
  • धूप में ज्यादा देर न रखें। रंग फीका पड़ सकता है।

सवाल- मानसून में किस तरह के जूते पहनना सबसे बेहतर है?

जवाब- ऐसे जूते चुनें, जो जल्दी सूखें और नमी न रोकें, जैसेकि-

  • रबर या PVC फुटवियर।
  • ब्रीदेबल स्पोर्ट्स शूज।
  • वॉटर-रेसिस्टेंट जूते।

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