Headlines

फरीदाबाद पानी बिल के रेट में 200 प्रतिशत बढ़ोत्तरी:साढ़े तीन लाख उपभोक्ताओं पर असर,ज्यादा पानी खर्च करने वालों को बढ़ा हुआ बिल देना होगा




फरीदाबाद में प्रॉपर्टी टैक्स के बाद अब पानी और सीवर के बिलों में बदलाव से शहर के लाखों लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने वाला है। सरकार ने पानी और सीवर शुल्क की नई दरें लागू कर दी हैं। इसका सीधा असर करीब साढ़े तीन लाख वैध पानी कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं पर पड़ेगा। शहर में करीब सात लाख प्रॉपर्टी यूनिट हैं, लेकिन पानी के वैध कनेक्शन लगभग आधे ही हैं। ज्यादा खपत पर ज्यादा भुगतान नई व्यवस्था में पानी की खपत को कम करने और लोगों को जल संरक्षण के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया गया है। अब जितना अधिक पानी इस्तेमाल होगा, उपभोक्ता को उतना ही ज्यादा बिल चुकाना पड़ेगा। पानी की दर में पहले के मुकाबले बड़ा बदलाव किया गया है। पहले पानी की खपत के लिए एक रुपये प्रति किलोलीटर की दर से शुल्क लिया जाता था, जिसे बढ़ाकर तीन रुपये प्रति किलोलीटर कर दिया गया है। यानी इस हिसाब से सीधे 200 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है। 500 वर्ग गज तक राहत नई दरों में छोटे मकान मालिकों को कुछ राहत भी दी गई है। 500 वर्ग गज तक के घरेलू कनेक्शन में 10 किलोलीटर तक पानी की खपत पर कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। इसके बाद 10 से 20 किलोलीटर तक छह रुपये प्रति किलोलीटर और 20 से 30 किलोलीटर तक साढ़े नौ रुपये प्रति किलोलीटर की दर लागू होगी। 30 किलोलीटर से अधिक खपत पर 12 रुपये प्रति किलोलीटर शुल्क देना होगा। बिना मीटर वालों पर बढ़ेगा भार मीटर नहीं लगे कनेक्शनों के लिए भी सरकार ने नई दरें निर्धारित की हैं। पहले ऐसे उपभोक्ताओं से औसतन 48 रुपये मासिक शुल्क लिया जाता था। अब यह राशि कनेक्शन की श्रेणी के अनुसार 175 से 870 रुपये प्रति माह तक हो सकती है। घरेलू और व्यावसायिक कनेक्शनों पर सीवर शुल्क पानी के बिल का 25 प्रतिशत निर्धारित किया गया है। अवैध कनेक्शन पर कार्रवाई नगर निगम कमिश्नर यशेंद्र सिंह ने कहा कि नई व्यवस्था में अवैध पानी और सीवर कनेक्शनों पर भी नगर निगम को सख्ती करने के निर्देश दिए गए हैं। अवैध कनेक्शन मिलने पर 500 से 1200 रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है। संबंधित व्यक्ति के खिलाफ पुलिस में शिकायत भी दर्ज कराई जाएगी। नई दरों के लागू होने के बाद क्षेत्रीय कराधान शाखा के अधिकारी उपभोक्ताओं का डाटा तैयार करने में जुट गए हैं।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *