![]()
चंडीगढ़ में स्कूलों के बाहर लगने वाले ट्रैफिक जाम को कम करने और छात्रों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए जिला सड़क सुरक्षा समिति ने सभी स्कूलों को कार पूलिंग को बढ़ावा देने के निर्देश दिए हैं। जिला मजिस्ट्रेट एवं जिला सड़क सुरक्षा समिति के अध्यक्ष की ओर से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि स्कूल छात्रों और अभिभावकों को कार पूलिंग के लिए प्रेरित करें, ताकि स्कूल परिसर और आसपास वाहनों की संख्या कम हो सके। डीसी निशांत कुमार यादव ने एडवाइजरी जारी की है। जिसमें कहा गया स्कूल खुलने और छुट्टी के समय बड़ी संख्या में निजी वाहन स्कूलों के बाहर पहुंचते हैं, जिससे ट्रैफिक जाम की स्थिति बन जाती है। कार पूलिंग अपनाने से इस समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है। डीसी ने दिए स्कूलों को निर्देश जिला सड़क सुरक्षा समिति ने सभी शिक्षण संस्थानों से कहा है कि वे एक ही इलाके या आसपास रहने वाले छात्रों की पहचान करें और उनके अभिभावकों की सहमति से कार पूलिंग समूह बनवाएं। इसके अलावा अभिभावकों को इस व्यवस्था के फायदे बताने के लिए स्कूल सर्कुलर जारी करें और अभिभावक-शिक्षक बैठक (पीटीएम) में भी जागरूक करें। कार पूलिंग से होंगे कई फायदे समिति का कहना है कि कार पूलिंग से स्कूलों के बाहर वाहनों की भीड़ कम होगी, जिससे बच्चों की सुरक्षा बढ़ेगी। इससे पेट्रोल-डीजल की बचत होगी, प्रदूषण कम होगा और ट्रैफिक जाम की समस्या भी घटेगी। साथ ही अभिभावकों का आने-जाने का खर्च और समय दोनों बचेंगे। जिला सड़क सुरक्षा समिति ने सभी स्कूलों से इस व्यवस्था को जल्द शुरू करने को कहा है। स्कूलों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि वे कार पूलिंग को बढ़ावा देने के लिए किए गए इंतजामों की रिपोर्ट जल्द समिति को भेजें।
Source link
चंडीगढ़ के स्कूलों में कार पूलिंग को मिलेगा बढ़ावा:डीसी की एडवाइजरी, इलाके के बच्चों को एक वाहन से लाने-ले जाने की व्यवस्था
