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हिसार में बुधवार दोपहर इलेक्ट्रॉनिक शोरूम संचालक हैप्पी चोपड़ा (38) ने खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया। बिजनेसमैन ने घर में ही अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से सिर पर शूट किया। परिवार के अनुसार, शहर को दो फाइनेंसर लगातार परेशान कर रहे थे। छोटे भाई चरणजीत चोपड़ा ने बताया कि 3 साल पहले शोरूम में नई मंजिल बनाने के लिए फाइनेंसर से कर्ज लिया था। फाइनेंसर 1 सितंबर तक 20 लाख रुपए लौटाने का प्रेशर बना रहे थे। दो दिन से लगातार घर के चक्कर काट रहे थे। दोपहर 12ः30 बजे के करीब घर की डोरबेल बजी। इस पर हैप्पी ने कहा-वो फिर आ गए। छोटा भाई दरवाजा खोलने गया, तभी गोली चलने की आवाज आई। बेडरूम में जाकर देखा तो बड़ा भाई खून से लथपथ पड़ा था। अब जानिए क्या है पूरा मामला… खालसा इलेक्ट्रॉनिक्स शोरूम का था मालिक बिजनेस मैन की पहचान शांति नगर निवासी हैप्पी चोपड़ा (38) के रूप में हुई। वो बारह क्वार्टर रोड स्थित खालसा इलेक्ट्रॉनिक्स शोरूम का मालिक था। भाई चरणजीत चोपड़ा ने बताया की हैप्पी चोपड़ा ने करीब तीन साल पहले इलेक्ट्रॉनिक सामान का शोरूम शुरू किया था। कर्ज चुकाने की तारीख निकली, दबाव बढ़ा शोरूम के ऊपर एक और मंजिल बनवाने के लिए उन्होंने कुछ फाइनेंसरों से करीब 20 लाख रुपए का कर्ज लिया था। कर्ज चुकाने की तारीख 1 सितंबर तय थी, लेकिन 3 सितंबर तक भुगतान नहीं हो सका। इसके बाद फाइनेंसर लगातार पैसे लौटाने का दबाव बना रहे थे। दो दिन से घर आ रहे थे फाइनेंसर परिजनों के मुताबिक, पैसों को लेकर हैप्पी का प्रताप नगर निवासी सुरेश से लेनदेन था। सुरेश एक दिन पहले शाम को और फिर घटना वाले दिन सुबह भी हैप्पी के पास आया था। परिवार का कहना है कि करीब 20 लाख रुपए को लेकर लगातार दबाव बनाया जा रहा था, जिससे हैप्पी मानसिक रूप से परेशान था। भाई चरणजीत ने पड़ाव के रहने वाले सुरेश मासी (पुत्र ओमप्रकाश मासी) और उसके भतीजे सोनू मासी (पुत्र धर्मवीर) पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। दोपहर में भाई के साथ बेडरूम में बैठे थे हैप्पी के भाई ने बताया कि दोपहर करीब 12:30 बजे वह अपने भाई के साथ बेडरूम में बैठे थे। इसी दौरान हैप्पी ने कहा कि घर की बेल बजी है और लगता है कि फाइनेंसर पैसे लेने आया है। वह गेट खोलने के लिए बाहर चला गया। गेट खोलने गया, अंदर से गोली चलने की आवाज आई चरणजीत के मुताबिक, उसके बाहर जाने के कुछ ही देर बाद अंदर से गोली चलने की आवाज आई। परिजन मौके पर पहुंचे तो हैप्पी ने अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से खुद को गोली मार ली थी। घटना के बाद घर में अफरा-तफरी मच गई। तत्कालीन बिजली मंत्री ने किया था शोरूम का उद्घाटन हैप्पी चोपड़ा ने करीब तीन साल पहले इलेक्ट्रॉनिक सामान का शोरूम खोला था। शोरूम के उद्घाटन के समय तत्कालीन बिजली मंत्री रणजीत चौटाला भी पहुंचे थे। कारोबार बढ़ाने के लिए शोरूम के ऊपर अतिरिक्त मंजिल बनवाने का काम कराया जा रहा था, जिसके लिए लिया गया कर्ज अब परिवार के मुताबिक परेशानी की वजह बन गया था। पीछे पत्नी और दो बेटे छोड़ गए मृतक हैप्पी चोपड़ा अब अपने पीछे पत्नी और दो बेटों को छोड़ गए हैं। बच्चों की उम्र लगभग 12 और 16 वर्ष है। परिवार ने पुलिस से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। CCTV खंगालने में जुटी पुलिस मामले में एचटीएम थाना प्रभारी विकास कुमार का कहना है घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची थी और जांच शुरू कर दी। पुलिस दुकान और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और परिजनों व प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज कर रही है। आरोपी फाइनेंसर्स के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
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हिसार- फाइनेंसरों से तंग बिजनेसमैन ने खुद को गोली मारी:डोरबेल बजी तो बोला-फिर आ गए, भाई दरवाजा खोलने गया तो पीछे से शूट किया
