- Hindi News
- Opinion
- Pt. Vijay Shankar Mehta Column | Stop Praying In Fear, Connect With God
2 घंटे पहले
- कॉपी लिंक

पं. विजयशंकर मेहता
अब समय आ गया है कि हम बच्चों को पूजा से जोड़ें और पूजा का सही अर्थ भी बताएं। हमने तो पूजा डर-डरकर की। एक व्यक्ति दावा करता था कि मैं रात को पूजा करके ही सोता हूं। किसी ने एक दिन पूछ लिया कि आप रात को पूजा क्यों करते हैं? तो उसने कहा, क्योंकि मैं रात के अंधेरे में डरता हूं तो डर को दूर करने के लिए पूजा करता हूं।
अखाड़े में उस्ताद खड़ा हो तो लोग कसरत करते हैं। हमने पूजा को भी ऐसी ही एक एक्टिविटी बना दिया। जबकि पूजा कोई कसरत नहीं है। वह परमात्मा से सीधी बातचीत है और इस वार्ता को करने के लिए कोई मध्यस्थ चाहिए भी नहीं। कोई दबाव नहीं होना चाहिए।
दुनिया में सभी डरे हुए हैं, लेकिन डरकर पूजा मत करिए। हां, पूजा करिए, डर अपने आप मिट जाएगा। हमारे देश में 80% बच्चे स्कूल से आकर तुरंत मोबाइल मांगते हैं। 75% बच्चे भारत के घरों में भोजन करते समय मोबाइल देखते हैं। वह खालीपन जो वह मोबाइल से भर रहे हैं, हम समय रहते पूजा से भर सकते हैं।

