पानीपत6 मिनट पहले
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फोटो खींचवाने को लेकर नेताओं के बीच आपस में कहासुनी होती हुई।
पानीपत की बाबरपुर अनाज मंडी में किसानों की समस्याएं सुनने पहुंचे इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच उस समय हाई-वोल्टेज ड्रामा खड़ा हो गया, जब किसानों का मुद्दा दरकिनार कर नेता खुद आपस में ही भिड़ गए। विवाद किसी जनहित की समस्या पर नहीं, बल्कि मीडिया के कैमरों के सामने फोटो खिंचवाने और मुख्य फ्रेम में आने की होड़ को लेकर शुरू हुआ। मंडी परिसर में नेताओं के बीच हुई तीखी बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।

महिला नेत्री को खरी-खोटी सुनाते इनेलो नेता एवं पूर्व चेयरमैन।
कैमरे के सामने आने की होड़ में बिगड़ा खेल
जानकारी के अनुसार, इनेलो की जिला स्तरीय नेताओं और कार्यकर्ताओं की एक टीम बाबरपुर मंडी में किसानों की समस्याएं जानने के लिए पहुंची थी। मंडी में पहुंचकर जब एक स्थानीय नेता मीडियाकर्मियों के सामने बयान देने लगा, तो साथ मौजूद अन्य नेताओं में छटपटाहट शुरू हो गई। दूसरे नेताओं को लगा कि अगर एक ही नेता मीडिया में बोलता रहेगा, तो बाकी का नाम और चेहरा गायब हो जाएगा। इसी बीच कुछ कार्यकर्ताओं ने सुझाव दिया कि बहसबाजी की बजाय सभी नेता एक साथ खड़े होकर ग्रुप फोटो खिंचवा लेते हैं।
एक-दूसरे को सुनाने लगे खरी-खोटी, किसानों का मुद्दा भूले
फोटो खिंचवाने के सुझाव के साथ ही फ्रेम में आगे खड़े होने और अपनी मौजूदगी दर्ज कराने को लेकर विवाद और गहरा गया। देखते ही देखते जिला स्तरीय नेताओं के बीच खींचतान इतनी बढ़ गई कि वे मर्यादा भूलकर एक-दूसरे को खरी-खोटी सुनाने लगे। जिस मंडी परिसर में किसानों की बदहाली और फसल खरीद की परेशानियों पर चर्चा होनी थी, वहां इनेलो नेता अपनी-अपनी तस्वीर चमकाने के लिए आपस में ही उलझते नजर आए।

महिला नेत्री ने कहा कि वे यहां आपस में किसी को क्रिटिसाइज करने नहीं पहुंची हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो, उठ रहे सवाल
मंडी में मौजूद किसानों और आढ़तियों ने नेताओं की इस नौटंकी का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में इनेलो नेताओं की फजीहत हो रही है। अब मंडी के किसान और आम जनता यह सवाल उठा रही है कि किसानों की सुध लेने का दावा करने वाले इन नेताओं के लिए अन्नदाता की समस्याएं मायने रखती हैं या सिर्फ मीडिया में अपनी तस्वीरें चमकाना?

