![]()
मानसून की बेरुखी से सूखते खेत और रोजगार की आस में सड़कों पर उतरे युवाओं के आक्रोश के बीच गुरुवार (6 अगस्त 2026) से षष्ठम झारखंड विधानसभा का षष्ठम (मानसून) सत्र शुरू हो रहा है। महज पांच कार्य दिवसों वाला यह सत्र बेहद छोटा है, लेकिन इसके काफी हंगामेदार होने के पूरे आसार हैं। सत्र के सुचारू, सफल और गरिमापूर्ण संचालन को लेकर विधानसभा अध्यक्ष रबीन्द्र नाथ महतो की अध्यक्षता में गुरुवार को स्पीकर कक्ष में एक उच्चस्तरीय सर्वदलीय बैठक हुई। बैठक में मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन, संसदीय कार्य मंत्री राधा कृष्ण किशोर और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी शामिल हुए। इनके अलावा विधायक प्रदीप यादव, सुरेश पासवान, अरूप चटर्जी, जयराम कुमार महतो, निर्मल महतो समेत कई प्रतिनिधि मौजूद रहे। अध्यक्ष ने सभी दलों से संसदीय मर्यादा बनाए रखने और सकारात्मक सहयोग की अपील करते हुए कहा कि सत्र छोटा होने के बावजूद जनहित में समय का पूरा सदुपयोग होना चाहिए। बैठक में विभिन्न समसामयिक मुद्दों पर चर्चा कराने को लेकर विमर्श हुआ, जिस पर अंतिम निर्णय कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में लिया जाएगा। परीक्षाएं रद्द करने की मांग : बेठक में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी और जेएलकेएम विधायक जयराम महतो ने जेपीएससी और जेएसएससी की सभी विवादित परीक्षाओं, विशेषकर 14वीं जेपीएससी पीटी परीक्षा को तत्काल प्रभाव से रद्द करने की पुरजोर मांग की।
छात्रों से बातचीत की पहल : विधायक जयराम महतो ने मांग रखी कि सरकार का एक शिष्टमंडल तुरंत धरना स्थल पर जाकर आंदोलनकारी छात्रों से बात करे।
सुखाड़ पर चर्चा की मांग : बारिश न होने से राज्य के कई जिलों में धान के खेत सूख रहे हैं। विपक्ष ने सुखाड़ और कृषि संकट पर विशेष चर्चा कराने की मांग की और सरकार पर कागजी दावों का आरोप लगाया।
संसदीय कार्य मंत्री का सुझाव : संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने अनुपूरक बजट पर चर्चा का समय बढ़ाने की बात कही, ताकि सदस्यों को विभिन्न मुद्दों को उठाने का पर्याप्त समय मिल सके।
पांच दिवसीय मानसून सत्र का पूरा शेड्यूल इस प्रकार रहेगा 6 अगस्त (पहला दिन) शोक प्रकाश और सामान्य विधायी कामकाज के साथ सत्र की शुरुआत। 7 अगस्त (दूसरा दिन) पहली पाली में प्रश्नकाल, फिर चालू वित्तीय वर्ष का पहला अनुपूरक बजट पेश होगा। 8 व 9 अगस्त शनिवार और रविवार का साप्ताहिक अवकाश। 10 अगस्त प्रश्नकाल के बाद अनुपूरक बजट पर व्यापक वाद-विवाद, विनियोग विधेयक पारित होगा तथा महत्वपूर्ण विधेयक मंजूर होंगे। सरकार के दरवाजे हमेशा खुले हैं : हेमंत सोरेन मानसून सत्र से ठीक पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने विपक्ष को स्पष्ट संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार के दरवाजे बातचीत के लिए हमेशा खुले हैं और कोई भी आकर अपनी बात रख सकता है। सीएम सोरेन ने दोहराया कि सत्ता पक्ष सत्र के लिए पूरी तरह तैयार है और सदन के पटल पर हर सवाल का तथ्यात्मक जवाब दिया जाएगा। हम इसके लिए तैयार हैं।
Source link
हंगामेदार रहेगा सत्र:झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र से पहले स्पीकर रबींद्रनाथ महतो ने की सर्वदलीय बैठक
