![]()
झारखंड में छात्र आंदोलन का आज यानी शुक्रवार को 21वां दिन है। आंदोलनकारी छात्रों ने जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से अल्बर्ट एक्का चौक तक मार्च किया। इस दौरान छात्रों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। अल्बर्ट एक्का चौक पर छात्रों ने मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, डॉ. इरफान अंसारी, शिल्पी नेहा तिर्की, दीपिका पांडेय सिंह और JSSC के सचिव सुधीर गुप्ता का पुतला फूंका। भूख हड़ताल कर रहे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अस्पताल से वीडियो जारी कर कहा- “आंदोलन की दिशा को भटकाने की कोशिशें की जा रही हैं। इस आंदोलन की वजह से आज एक जांच समिति बनाई गई है। सरकार भी हमारी बातों को सकारात्मक रूप से सुन रही है, लेकिन पूरा न्याय अभी बाकी है। हालात चाहे जैसे भी हों, आंदोलन को बचाए रखें और एकजुट रहें।” शुक्रवार की शाम रांची सदर एसडीएम कुमार रजत और एडीएम धनंजय कुमार जयपाल सिंह स्टेडिय पहुंचे और आंदोलनरत छात्रों से बातचीत कर धरना और अनशन खत्म करने की अपील की हैं। एडीएम धनंजय कुमार ने कहा कि हमलोग छात्रों का हालचाल लेने के लिए आते रहते हैं। हमलोगों ने छात्रों से पूछा कोई दिक्कत तो नहीं है। इस पर छात्रों ने कहा- सब ठीक है। एक छात्र ने अनशन तोड़ा, AISA का पंडाल हटा 10 दिन से भूख हड़ताल पर बैठे महेंद्र प्रसाद मंडल ने विधायक जयराम महतो के समझाने पर अनशन तोड़ दी है। बाकी 5 छात्रों की भूख हड़ताल जारी है। आइसा का पंडाल स्टेडियम के बाहर से हटा लिया गया है। आइसा के सदस्य विजय कुमार ने कहा कि 10 अगस्त विधानसभा घेराव को लेकर बड़ी संख्या में बाहर से आने वाले लोगों को ठहराने की व्यवस्था के लिए यह पंडाल बनाया गया था। दूसरी ओर, प्रदर्शनकारियों ने 10 अगस्त को विधानसभा घेराव किया था। इसके बाद 500 प्रदर्शनकारियों पर FIR दर्ज की गई। तिरंगा यात्रा में राज्यभर के युवा शामिल होंगे तिरंगा यात्रा जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से कचहरी, लालपुर और अल्बर्ट एक्का चौक होते हुए वापस स्टेडियम पहुंचेगी। आंदोलन को लेकर मंच ने सरकार से संवाद, एफआईआर में निर्दोष छात्रों को आरोपी नहीं बनाने और सभी 81 विधायकों से नैतिक समर्थन देने की अपील की। वहीं, रवींद्र पासवान ने कहा कि सोशल मीडिया के जरिए हमने मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की का एक बयान देखा। उन्होंने कहा कि सरकार के साथ बातचीत के लिए हमारे प्रतिनिधिमंडल में शामिल कोई भी व्यक्ति छात्र नहीं था। मैं इस बयान का पुरजोर खंडन करता हूं और पूरी जिम्मेदारी के साथ कहता हूं कि जो भी लोग गए थे, वे सभी छात्र थे। कल निकलेंगे तिरंगा यात्रा JPSC-JSSC रिफॉर्म मंच की कोर कमिटी के सदस्य रविंद्र कुमार पासवान ने कहा कि 15 अगस्त को भव्य तिरंगा यात्रा निकालेंगे। कल स्वतंत्रता दिवस है और इस तिरंगा यात्रा के जरिए हम अपने देश के प्रति सम्मान और अपनी देशभक्ति की भावना जाहिर करेंगे। अगर प्रशासन, क्राइम ब्रांच या स्पेशल ब्रांच हमें रोकने की कोशिश करती है, तो यह साफ तौर पर हमारे मौलिक अधिकारों का उल्लंघन होगा। हमारे बयान को गलत तरीके से पेश किया जा रहा: मंत्री इधर, झारखंड सरकार की मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा, “कल JPSC-JSSC रिफॉर्म फोरम की तरफ से हमारे बारे में एक बयान जारी किया गया। मुझे लगता है कि रवींद्र पासवान ने हमारे बयान को ठीक से नहीं समझा। हमने सोशल मीडिया पर भी देखा है कि हमारे बयान को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। 12 तारीख को जब हम सदर अस्पताल में भूख हड़ताल कर रहे बीमार लोगों से मिलने गए, तो वहां बातचीत में उन्होंने जो कुछ भी कहा, हमने उसे मीडिया के सामने रखा। मैं एक बार फिर दोहराती हूं कि 12 तारीख को मीडिया को दिए गए मेरे बयान में यह साफ था कि सरकार के प्रतिनिधिमंडल से मिलने गए छात्र-छात्राओं के दल में भूख हड़ताल करने वाला एक भी छात्र शामिल नहीं था। हमारी चिंता यही है कि अगर भूख हड़ताल पर बैठे छात्र उस दल का हिस्सा होते, तो सरकार कम से कम उनसे बातचीत करती और उनका अनशन तुड़वाती, जिससे उनकी सेहत में सुधार होता। लेकिन उन्हें उस दल में शामिल नहीं किया गया। कम से कम सरकार को भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों से बातचीत करने का मौका तो मिलता। इस बयान को इस तरह पेश किया गया है जैसे हमने कहा हो कि ‘दल में कोई छात्र नहीं था।’ मैं इसका खंडन करती हूं।” मंत्रियों के साथ बातचीत हो रही है: प्रेम नायक वहीं, प्रदर्शनकारी छात्र प्रेम नायक ने शुक्रवार को कहा, “आज मेरी भूख हड़ताल का 12वां दिन है और विरोध प्रदर्शन का 21वां दिन। आज मेरी तबीयत ठीक नहीं है; मेरा ब्लड शुगर लेवल बढ़ गया है और ब्लड प्रेशर भी ज़्यादा है। स्वास्थ्य कर्मियों ने मुझे अस्पताल जाने की सलाह दी है, लेकिन मैंने मना कर दिया है। आज सरकार से बातचीत के लिए एक टीम के जाने की संभावना है। बातचीत चल रही है और हमारी तरफ से एक टीम बातचीत के लिए जा सकती है। मंत्रियों के साथ बातचीत हो रही है। जयराम कुमार महतो बातचीत का नेतृत्व कर रहे हैं और आज शाम को बातचीत हो सकती है। दोनों पक्षों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे और हममें से पांच लोगों का एक समूह अपनी बात रखने के लिए जाएगा। हम अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं। JPSC और JSSC CGL परीक्षाओं को रद्द करना, CBI जांच और कड़े कानून बनाना। हम इन तीन मांगों पर मजबूती से कायम हैं।” फिजिक्स वाला के संस्थापक अलख पांडेय ने गुरुवार की रात जेपीएसएसी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच कर भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों से मुलाकात की। उन्होंने आंदोलनरत छात्रों का हालचाल जाना और उनकी मांगों को सुनते हुए अपना नैतिक समर्थन जताया। उन्होंने कहा-“यहां बहुत से छात्र बहुत परेशान हैं। कई छात्र भूख हड़ताल पर बैठे हैं और कुछ की तबीयत बिगड़ने के कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा है। इन परीक्षाओं में गड़बड़ी के आरोप लगे हैं, लेकिन सरकार पर्याप्त कार्रवाई नहीं कर रही है। कुछ परिवार और लोग ऐसे हैं जो प्रश्न-पत्र लीक करते हैं और उन्हें बांटते हैं। परीक्षा के बाद अब ऐसा लगने लगा है कि हम नतीजों का इंतज़ार नहीं कर रहे हैं; हम बस इस खबर का इंतज़ार कर रहे हैं कि पेपर किसने लीक किया और किसका चयन हुआ। सरकार ने JPSC परीक्षा में कार्रवाई की है, जो एक स्वागत योग्य कदम है और मैं इसके लिए उन्हें धन्यवाद देना चाहता हूं। लेकिन उन्हें JSSC मामले में भी ठोस कार्रवाई करने की ज़रूरत है। 1,900 सीटों में से, कथित तौर पर लगभग 400 सीटें एक ही परिवार या ऐसे व्यक्ति द्वारा हथिया ली गई हैं जो सीटें बेचने में शामिल है। छात्र CID जांच से संतुष्ट नहीं हैं। उनकी मांग है कि निष्पक्ष CBI जांच हो ताकि इसमें शामिल लोगों की पहचान हो सके और उन्हें सज़ा मिल सके…”
Source link
झारखंड- आंदोलनकारी छात्रों ने मंत्रियों का पुतला फूंका:छात्र नेता देवेंद्र बोले-आंदोलन को भटकाने की कोशिश हो रही, हॉस्पिटल में भी अनशन जारी; कल निकालेंगे तिंरगा यात्रा
