Headlines

कंप्यूटर ऑपरेटर के इंतजार में 4 शवों का पोस्टमार्टम अटका:सुबह 11 बजे पहुंचे शव, दोपहर 3 बजे तक कर्मचारी नहीं आया




ललितपुर में पोस्टमार्टम हाउस में सोमवार को कंप्यूटर ऑपरेटर के समय पर नहीं पहुंचने से चार शवों का पोस्टमार्टम प्रभावित हुआ। सुबह करीब 11 बजे प्रेमी-प्रेमिका के शव पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गए थे। दोपहर 1 बजे तक पंचनामा समेत जरूरी अभिलेख भी उपलब्ध करा दिए गए थे। इसके बावजूद दोपहर 3 बजे तक कंप्यूटर ऑपरेटर के नहीं पहुंचने से शव परीक्षण शुरू नहीं हो सका। देरी से नाराज वहां मौजूद लोगों ने समय पर पोस्टमार्टम कराने की मांग की। प्रेमी-प्रेमिका के शव सुबह पहुंचे ग्राम थनवारा के प्रेमी-प्रेमिका के शव सोमवार सुबह करीब 11 बजे पोस्टमार्टम हाउस लाए गए थे। दोनों से संबंधित पंचनामा और अन्य आवश्यक दस्तावेज भी दोपहर 1 बजे तक पहुंच गए थे। परिजन और अन्य लोग पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू होने का इंतजार करते रहे, लेकिन कंप्यूटर ऑपरेटर के न पहुंचने से प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी। कोटरा से आए शव का भी पोस्टमार्टम रुका ग्राम कोटरा निवासी रघुराज सिंह का शव भी पोस्टमार्टम के लिए लाया गया था। उनके परिजन दोपहर करीब 1 बजे पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गए थे। पुलिसकर्मी भी पंचायतनामा लेकर वहां मौजूद थे। इस मामले में भी कंप्यूटर ऑपरेटर के समय पर नहीं पहुंचने के कारण पोस्टमार्टम में देरी हुई। तीन बजे के बाद शुरू हुआ शव परीक्षण बताया गया कि दोपहर 3 बजे तक कंप्यूटर ऑपरेटर के पोस्टमार्टम हाउस नहीं पहुंचने के कारण चारों शवों का पोस्टमार्टम समय पर शुरू नहीं हो सका। कर्मचारी के पहुंचने के बाद दोपहर 3 बजे के बाद शव परीक्षण की प्रक्रिया शुरू की गई। लोगों ने जताई नाराजगी पोस्टमार्टम में देरी को लेकर वहां मौजूद लोगों ने नाराजगी जताई। उनका कहना था कि शवों के पोस्टमार्टम के लिए परिजन पहले से मौजूद थे और पुलिस की ओर से आवश्यक दस्तावेज भी उपलब्ध करा दिए गए थे। इसके बावजूद कर्मचारी की अनुपस्थिति के कारण उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा। 24 घंटे पोस्टमार्टम के निर्देश शासन की ओर से शवों का पोस्टमार्टम 24 घंटे कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए सुबह 10 बजे से चिकित्सकों और अन्य कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाती है। इसके बावजूद पोस्टमार्टम हाउस में कर्मचारी के समय पर नहीं पहुंचने से व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। आए दिन लेटलतीफी का आरोप स्थानीय लोगों का कहना है कि पोस्टमार्टम हाउस में इस तरह की देरी की शिकायतें सामने आती रहती हैं। उनका कहना है कि शव परीक्षण की प्रक्रिया समय से शुरू हो, ताकि मृतकों के परिजनों को अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *