रूमी जाफरी4 घंटे पहले
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पिछले हफ्ते मैंने आपको ‘आ अब लौट चलें’ की शूटिंग का वाकया बताया था, जब हमारे देश ने अपनी ताकत दुनिया के सामने दिखाई थी। तो मैंने सोचा कि आज वो किस्सा आप लोगों को सुनाऊं, जिसमें कपूर खानदान के लोगों का बड़ा दिल, उनकी निडरता और उनकी हिम्मत दिखाई देती है।
न्यूयॉर्क में घूमते-घूमते मैं उस होटल पहुंचा, जहां ‘आ अब लौट चलें’ की शूटिंग दौरान सब रुके हुए थे। मैं पहले भी विदेश में शूटिंग पर गया हूं। प्रोड्यूसर, एक्टर, डायरेक्टर, राइटर और कैमरामैन को फाइव स्टार होटल में रखा जाता है, जबकि बाकी टेक्नीशियन को 3 स्टार होटल में और स्पॉट बॉय, लाइट मैन को छोटी-मोटी सस्ती जगहों पर। लेकिन यहां मैं यह देखकर हैरान था कि ऋषि कपूर, रणधीर कपूर, मैं खुद, ऐश्वर्या राय, अक्षय खन्ना से लेकर स्पॉट बॉय, लाइट मैन तक सबको एक ही होटल में रखा गया था। वो होटल भी कोई मामूली नहीं था, ताज ग्रुप का लेक्सिंगटोन होटल था। इसी होटल के सामने जब मैं खड़ा हूं तो मुझे ये किस्सा याद आ रहा है।
मुझे दूसरी हैरानी तब हुई, जब रणधीर कपूर जी ने लेक्सिंगटोन होटल के पास ‘दीवान’ नाम के इंडियन खाने के होटल से डील कर ली थी। वो रोज होटल में हमारे लिए इंडियन खाने का बुफे लगाता था। पूरी यूनिट शूटिंग के बाद फ्रेश होती थी और फिर दीवान में बैठकर आराम से खाना-पीना करती थी। मगर ये कंपल्सरी भी नहीं था। यूनिट के किसी भी मेंबर को किसी और रेस्टॉरेंट में खाना है, तो वह ऐसा कर सकता था। वह बस बिल लाकर प्रोडक्शन मैनेजर को दे दें, प्रोडक्शन मैनेजर उसी वक्त पैसे दे देता। जिसको जो पीना हो, वो राजीव कपूर से मांग लेता था। वो उसे बोतल दे देते थे।
ये बात फिल्म इंडस्ट्री में बहुत तेजी से फैल गई। मेरे एक दोस्त, जो काफी बड़े प्रोड्यूसर हैं, उन्होंने मुझसे कहा कि ये ऋषि कपूर और रणधीर कपूर को फिल्म बनाना नहीं आता। ये लोगों की आदत बिगाड़ रहे हैं और फिल्म भी ओवर बजट कर रहे हैं। ऐसे थोड़े ही फिल्में बनती हैं।
जब मैंने यह बात रणधीर कपूर जी को बताई तो वो नाराज हो गए और बोले, ‘उससे कहना हमको फिल्म मेकिंग न सिखाएं। हम कपूर हैं, हम खानदानी फिल्म मेकर हैं। दूसरी बात ये कि प्रोड्यूसर और फिल्म मेकर में फर्क है।’ फिर वो मुझसे बोले, ‘रूमी, तू एक बात बता। ये सभी लोग अपना मुल्क छोड़कर, घर छोड़कर, बीवी-बच्चे छोड़कर यहां एक महीने के लिए आए हैं। किसके लिए आए हैं? मेरे लिए आए हैं, राज कपूर प्रोडक्शन्स के लिए आए हैं। तू सोच, ये जितने भी लाइट वाले, साउंड वाले हैं, ये सोकर सबसे पहले उठते हैं। और हम लोग शूटिंग से निकल जाते हैं तो ये पूरा सामान समेटकर लेकर आते हैं, रखते हैं, उसके बाद सोते हैं। तो जब वो देखते हैं कि मेरा मालिक जो खुद पी रहा है, वही हमें पिला रहा है, जो खुद खा रहा है, हमें वही खिला रहा है, जहां वह खुद रह रहा है, वहीं हमें भी रख रहा है, तो वो डबल जोश से काम करते हैं और दिल से दुआ करते हैं। वो कहीं और शूटिंग करेगा तो कम से कम याद तो करेगा कि आरके प्रोडक्शन्स में हमें कैसे रखा गया था। एक बार वो फिल्म भूल जाएगा, मगर हमारी खातिरदारी नहीं भूलेगा। कपूर खानदान खातिरदारी ओहदा देखकर नहीं करता, इंसान देखकर करता है और सब इंसान बराबर हैं।’
इसी बात पर मुझे अल्लामा इक़बाल का यह शेर याद आ रहा है :
एक ही सफ़ में खड़े हो गए महमूद ओ अयाज़
न कोई बंदा रहा और न कोई बंदा-नवाज़
खैर, अभी जब होटल के सामने खड़ा हूं और सिग्नल तथा वो स्ट्रीट देख रहा हूं तो एक और किस्सा याद आ रहा है। ऋषि कपूर और समीर आर्या, जो हमारी फिल्म के सिनेमैटोग्राफर थे, दोनों बर्गर खरीदकर लौट रहे थे। दोनों के एक हाथ में बर्गर और दूसरे हाथ में कोक था। तभी अचानक सामने से दो लड़कियां आईं। एक ने ऋषि कपूर को सामने से पकड़ लिया और दूसरी ने बिजली की स्पीड से ऋषि कपूर के पीछे की पॉकेट से उनका बटुआ निकाल लिया। फिर दोनों भागीं। सब इतना तेजी से हुआ कि ऋषि कपूर और समीर को कुछ समझ ही नहीं आया। उसी समय ऋषि कपूर ने कोक व बर्गर फेंका और उन लड़कियों के पीछे भागे। क्योंकि उनके बटुए में पैसे तो कम, मगर कार्ड ज्यादा थे। लड़कियां भागती रहीं, समीर और ऋषि कपूर उनका पीछा करते रहे। अंतत: लड़कियां थक गईं और उनका बटुआ फेंक दिया। वो डेड एंड के पास चढ़कर भाग गईं। दोनों ने पर्स उठाया और वहां से वापस आए।
जब उन्होंने आकर मुझे किस्सा सुनाया तो मैं सुनकर हंसा और कहा, ‘सुनते थे कि ऋषि कपूर तेज भागते हैं, अब पता चला कि ऋषि कपूर कितना तेज भागते हैं।’ जब पुलिस को ये किस्सा सुनाया तो पुलिस ने कहा कि कि आप किस्मत वाले हैं कि उनके पास गन नहीं थी, वरना न्यूयॉर्क में ऐसी लड़कियों के पास गन होती है। उन्होंने हम सबको आगाह भी किया कि अगर न्यूयॉर्क में आपको कोई लूटे, आपसे कोई चीज छीनकर भागे तो उनका पीछा मत कीजिए। आपके साथ हादसा हो सकता है।
तो आज ‘आ अब लौट चलें’ का एक और किस्सा सुना आप लोगों ने। तो आज उसी की याद में इसी मूवी का ये गाना सुनिए, अपना ख्याल रखिए, खुश रहिए :
प्यार की शोकिया, मस्तियां और क्या क्या क्या…

