![]()
उन्नाव में लगातार हो रही बारिश के बीच शहर में जर्जर और पुराने मकानों से हादसे का खतरा बढ़ गया है। रविवार दोपहर करीब ढाई बजे सिटी मजिस्ट्रेट मनोज सिंह ने शहर में जर्जर मकानों का निरीक्षण किया। इस दौरान एक पुराने मकान का छज्जा गिरा मिला। अधिकारियों ने मकान मालिक से वार्ता कर आसपास बैरिकेडिंग कराने और सुरक्षित तरीके से मलबा हटाने के निर्देश दिए। सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि जिस मकान का छज्जा गिरा है, वह आशीष शुक्ला का है। मकान काफी पुराना और जर्जर है। नीचे के हिस्से में रखरखाव किया गया था, लेकिन ऊपर का हिस्सा लंबे समय से इस्तेमाल में नहीं होने के कारण उसकी देखरेख में कमी रही। लगातार हुई अत्यधिक बारिश के चलते पुराने भवन का छज्जा गिर गया। उन्होंने बताया कि मकान मालिक से बातचीत की गई है और वह भी जर्जर हिस्से को हटाने के लिए तैयार हैं। नगर पालिका की टीम के ईओ और जेई की निगरानी में बैरिकेडिंग कराकर मैनुअल तरीके से काम कराया जाएगा। सिटी मजिस्ट्रेट के अनुसार आसपास दुकानें और घनी आबादी होने के कारण जेसीबी से कार्रवाई करना सुरक्षित नहीं है। नोटिस के बाद भी कार्रवाई की जरूरत सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि शहर में जर्जर मकानों को पहले ही चिन्हित कर उनके मालिकों को वैधानिक प्रक्रिया के तहत नोटिस दिए गए हैं। नोटिस में मकान मालिकों को जर्जर हिस्सा स्वयं हटाने के लिए समय दिया गया था, जिसकी अवधि भी समाप्त हो चुकी है। उन्होंने बताया कि शहर में करीब 50 जर्जर मकान चिन्हित किए गए हैं। इनमें करीब 100 वर्ष पुराने मकान भी शामिल हैं। अधिकारियों के अनुसार, पिछले दिन दो जर्जर मकानों को हटाया गया। इनमें एक मकान नगर पालिका की ओर से हटाया गया, जबकि दूसरे को मकान मालिक ने स्वयं मैनुअल लेबर की मदद से हटवा लिया। अधिकारी ने कहा कि बारिश के दौरान प्रशासन लगातार शहर में भ्रमण कर जर्जर मकानों की स्थिति देख रहा है। जहां पुराने मकान से आसपास के लोगों या राहगीरों को खतरा नजर आ रहा है, वहां सुरक्षा के लिए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने शहरवासियों से अपील की कि यदि कहीं कोई जर्जर भवन या उससे जुड़ा खतरा दिखाई दे तो तत्काल प्रशासन को सूचना दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
Source link
उन्नाव में जर्जर मकानों पर कार्रवाई:सिटी मजिस्ट्रेट ने 50 मकान किए चिन्हित, नोटिस के बाद भी खतरा
