![]()
बरनाला शहर की एक कुख्यात बस्ती में पुलिस की कार्रवाई के बाद नशे पर रोक न लगने पर लोगों ने खुद मोर्चा संभाल लिया है। इसको लेकर लोगों ने नशा बेचने वाले और नशा करने वालों को रोकने के लिए खुद ही नाका लगा लिया। शनिवार को नशे बेचने आए दो युवकों को लोगों ने पकड़ा और उनको उठक बैठक कराई। इसका वीडियो भी बनाया। बताया गया कि यह बस्ती नशे के लिए बदनाम है। पुलिस के दावे के बावजूद लोगों यहां के नशे के कारोबार और आए दिन पुलिस की दबिश अच्छे लोगों का जीवन मुश्किल हो गया है। इसके चलते लोगों ने चार दिन पहले खुद ही पहरेदारी करने की योजना बनाई। चार दिनों में वे ऐसे कई युवाओं को समझा-बुझाकर और चेतावनी देकर घर भेज चुके हैं। उन्होंने अपील की कि नशे के खात्मे के लिए अब पूरे समाज को एकजुट होना पड़ेगा। लोगों का गुस्सा क्यों- हर घर में किसी न किसी पर एनडीपीएस का केस यह बस्ती नशे के चलते बदनाम हैष पुलिस की लगातार रेड के बावजूद नशा बिक्री का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। बस्ती के लगभग 50 घरों में नशा बिकने की शिकायतें हैं और लगभग हर परिवार का कोई न कोई सदस्य आपराधिक मामलों या NDPS एक्ट के तहत जेल जा चुका है। जिले भर से आने वाले नशेड़ियों की आवाजाही से परेशान स्थानीय निवासियों ने अब खुद मैदान में उतरकर मोर्चा संभाल लिया है। चार दिनों से मुख्य रास्ते पर दिन-रात का पहरा हालातों में सुधार न होता देख आम आदमी पार्टी (AAP) के स्थानीय नेता अमन गोयल काला और मोहल्ला निवासियों ने मिलकर बस्ती के मुख्य प्रवेश मार्ग पर दिन-रात का नाका लगा दिया है। वे पिछले चार दिनों से लगातार इस इलाके की पहरेदारी और निगरानी कर रहे हैं ताकि बाहर से आने वाले खरीददारों को रोका जा सके। नशा तलाशते पहुंचे दो युवकों से लगवाई उठक-बैठक पहरेदारी के दौरान बस्ती में नशा खरीदने पहुंचे दो बाहरी युवकों को स्थानीय लोगों ने रंगे हाथों पकड़ लिया। पहरा दे रही टीम ने पहले उनका वीडियो बनाया और फिर दोनों से सड़क पर कान पकड़वाकर उठक-बैठक करवाई। लोगों ने चेतावनी दी कि अगर बस्ती में दिखाई दिए तो सख्त कार्रवाई की जाएगी नशे के खिलाफ लोगों को ही एकजुट होना होगा
आप नेता अमन गोयल काला ने कहा कि हमने बीते चार दिनों में कई युवाओं को समझा-बुझाकर और सख्त चेतावनी देकर वापस भेजा है। यदि कोई भी दोबारा इस इलाके में नशे के लिए घूमता नजर आया, तो उसे सीधे पुलिस के हवाले कर सख्त धाराओं के तहत पर्चा दर्ज करवाया जाएगा। नशे के इस दानव को खत्म करने के लिए अब पूरे समाज को एकसाथ खड़े होने की जरूरत है।” नशा तस्करों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए जिला पुलिस प्रमुख (SSP) मोहम्मद सरफराज आलम ने स्पष्ट किया कि पुलिस प्रशासन नशे के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि पुलिस अधिकारियों ने इलाके का जायजा लिया है और नशा तस्करी में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। एसएसपी ने आम जनता से अपील की कि वे पुलिस का सहयोग करें और संदिग्ध गतिविधियों या तस्करों की गुप्त सूचना तुरंत साझा करें ताकि त्वरित व कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा सके।
Source link
नशे के खिलाफ लोगों का मोर्चा, तस्करों को बनाया मुर्गा:बरनाला में ड्रग्स के लिए बदनाम बस्ती के निवासियों ने शुरू की पहरेदारी, चार दिनों में कई को पकड़ा
