![]()
बड़वानी विधानसभा क्षेत्र के नर्मदा पट्टी, बोरलाय, सजवानी, रेहगुन और मेणीमाता गांवों में सोमवार रात अचानक बिजली कटौती से हजारों ग्रामीण परेशान रहे। लगातार बिजली गुल रहने से नाराज ग्रामीणों और छात्रावास के विद्यार्थियों ने मेणीमाता में बिजली विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। गांव से ग्रिड तक नारेबाजी मेणीमाता में बिजली गुल होने के बाद ग्रामीण और छात्र सड़क पर उतर आए। उन्होंने गांव से ग्रिड तक बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए धरना दिया। प्रदर्शनकारियों ने रात के समय बिजली कटौती बंद कर आपूर्ति नियमित करने की मांग की। अस्पताल में टॉर्च की रोशनी में इलाज बिजली कटौती का असर स्वास्थ्य सेवाओं पर भी पड़ा। ग्रामीणों के अनुसार, अस्पताल में डिलीवरी के मामले आने पर डॉक्टरों को टॉर्च और मोबाइल की रोशनी में इलाज करना पड़ा। ग्रामीणों का कहना है कि बिजली नहीं होने से मरीजों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। रात में अंधेरा होने से ग्रामीणों को सांप-बिच्छू का खतरा भी सता रहा है। खेतों और घरों से बाहर निकलने में परेशानी हो रही है। 15 दिन से कटौती का आरोप ग्रामीणों का आरोप है कि सीलावद और पलसूद में बिजली आपूर्ति चालू रहती है, जबकि उनके गांवों में बार-बार कटौती की जाती है। भाजपा मेणीमाता मंडल अध्यक्ष योगेश राठौर ने बताया कि पिछले 15 दिनों से रोजाना 4-5 घंटे बिजली कटौती हो रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि बिजली समस्या का समाधान जल्द नहीं हुआ तो ग्रामीण जिला कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेंगे।
Source link
बड़वानी के 5 गांवों में बिजली कटौती से आक्रोश:मेणीमाता में ग्रामीणों-छात्रों ने दिया धरना; बोले-रोज रात में 4-5 घंटे गुल रहती है
