![]()
जनस्वास्थ्य की सुरक्षा और बच्चों-युवाओं को तंबाकू की लत से बचाने के उद्देश्य से मंडी जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। डीसी एवं जिला दंडाधिकारी अपूर्व देवगन ने जिले में स्वादयुक्त धूम्ररहित तंबाकू उत्पादों के भंडारण, परिवहन, वितरण, प्रदर्शन और बिक्री पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। इसके साथ ही मंडी हिमाचल का ऐसा कदम उठाने वाला पहला जिला बन गया है। यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस), 2023 की धारा 163 के तहत जारी किया गया है। उपायुक्त ने बताया कि यह फैसला जिला स्तरीय उड़नदस्ता की जांच, खाद्य सुरक्षा विभाग के प्रस्ताव और राष्ट्रीय तंबाकू परीक्षण प्रयोगशाला, नोएडा की रिपोर्ट के आधार पर लिया गया है। जांच के दौरान 715 थोक पैकेटों में 10,725 खुदरा पाउच, यानी लगभग 68.96 किलोग्राम स्वादयुक्त तंबाकू उत्पाद बरामद किए गए थे। इन उत्पादों में मेंटॉल सहित कई फ्लेवरिंग एजेंट पाए गए, जो बच्चों और युवाओं को आकर्षित कर निकोटीन की लत का खतरा बढ़ाते हैं। उपायुक्त अपूर्व देवगन ने कहा कि यह निर्णय आने वाली पीढ़ियों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रतिबंधित उत्पादों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। भंडारण और बिक्री तुरंत बंद करने के निर्देश सभी थोक एवं खुदरा विक्रेताओं को प्रतिबंधित उत्पादों का भंडारण और बिक्री तुरंत बंद करने के निर्देश दिए गए हैं। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ संबंधित कानूनों के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से भी ऐसे उत्पादों की बिक्री की सूचना तुरंत प्रशासन, पुलिस या खाद्य सुरक्षा विभाग को देने की अपील की है।
Source link
मंडी में स्वादयुक्त तंबाकू उत्पादों पर प्रतिबंध:ऐसा करने वाला हिमाचल का पहला जिला बना; भंडारण और बिक्री होगी बंद
