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Artificial Food Preservatives Heart Disease; Ultra-Processed Foods High BP Risk


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2 घंटे पहलेलेखक: शिवाकान्त शुक्ल

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पैकेज्ड और अल्ट्राप्रोसेस्ड फूड हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं। इन फूड्स को लंबे समय तक खाने योग्य बनाए रखने के लिए इनमें अलग-अलग प्रिजर्वेटिव मिलाए जाते हैं। ये प्रिजर्वेटिव फूड की शेल्फ लाइफ बढ़ाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ आर्टिफिशियल प्रिजर्वेटिव्स हमारी सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं।

हाल ही में ‘यूरोपियन सोसाइटी ऑफ कार्डियोलॉजी’ में एक स्टडी पब्लिश हुई। इसके मुताबिक, अल्ट्राप्रोसेस्ड फूड में इस्तेमाल होने वाले कुछ कॉमन प्रिजर्वेटिव्स हाई ब्लड प्रेशर और हार्ट डिजीज का जोखिम बढ़ाते हैं।

इसलिए ‘फिजिकल हेल्थ’ कॉलम में आज फूड प्रिजर्वेटिव्स के हेल्थ रिस्क पर विस्तार से बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि-

  • किन फूड्स में सबसे ज्यादा प्रिजर्वेटिव्स होते हैं?
  • फूड प्रिजर्वेटिव से कैसे बचा जा सकता है?

एक्सपर्ट- डॉ. संजीव अग्रवाल, डायरेक्टर, कार्डियोलॉजी, श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट, दिल्ली

सवाल- फूड प्रिजर्वेटिव पर हुई हालिया स्टडी क्या कहती है?

जवाब- इस स्टडी से पता चला कि फूड प्रिजर्वेटिव्स से हाई ब्लड प्रेशर और हार्ट डिजीज का जोखिम बढ़ता है। हालांकि यह ऑब्जर्वेशनल स्टडी है। यह सीधे तौर पर यह साबित नहीं करती कि प्रिजर्वेटिव ही हार्ट डिजीज का कारण है, लेकिन इनके बीच एक संबंध दिखाती है।

स्टडी की प्रमुख बातें

स्टडी किस देश में हुई?

यह रिव्यू स्टडी फ्रांस की मेजर हेल्थ स्टडी ‘न्यूट्रीनेट-सैंटे’ के डेटा पर आधारित है, जो खानपान, न्यूट्रिशन और हेल्थ के बीच संबंधों पर का अध्ययन है।

कितने लोगों पर हुई?

स्टडी में 1,12,395 वयस्कों को शामिल किया गया।

कितने साल चली?

करीब 8 साल तक स्टडी में शामिल लोगों के खानपान और स्वास्थ्य की रेगुलर मॉनिटरिंग की गई।

किन प्रिजर्वेटिव्स पर फोकस था?

रिसर्चर्स ने कुल 17 कॉमन फूड प्रिजर्वेटिव्स काे एनालाइज किया। इनमें शामिल हैं-

  • सोडियम नाइट्राइट
  • पोटेशियम सोर्बेट
  • पोटेशियम मेटाबाइसल्फाइट
  • साइट्रिक एसिड
  • एस्कॉर्बिक एसिड/विटामिन C
  • सोडियम एस्कॉर्बेट
  • सोडियम एरिथॉर्बेट

क्या नतीजा मिला?

  • जिन लोगों ने नॉन-एंटीऑक्सिडेंट प्रिजर्वेटिव्स (जैसे नाइट्राइट, सोर्बेट, सल्फाइट) काे ज्यादा कंज्यूम किया, उनमें हाई ब्लड प्रेशर का रिस्क 29% और हार्ट डिजीज का रिस्क 16% ज्यादा पाया गया।
  • वहीं एंटीऑक्सिडेंट प्रिजर्वेटिव्स (जैसे एस्कॉर्बिक एसिड और साइट्रिक एसिड) कंज्यूम करने वालों में हाई ब्लड प्रेशर का जोखिम 22% ज्यादा देखा गया।

सवाल- फूड प्रिजर्वेटिव क्या हैं?

जवाब- फूड प्रिजर्वेटिव वे पदार्थ हैं, जिन्हें खाने-पीने की चीजों की शेल्फ लाइफ बढ़ाने के लिए मिलाया जाता है। ये बैक्टीरिया, फफूंद और अन्य सूक्ष्मजीवों को पैदा होने से रोकते हैं। इसे सरल भाषा में ऐसे समझिए-

  • जब भी हम खाने-पीने की कोई चीज रखते हैं तो वह वातावरण में मौजूद ऑक्सीजन के साथ रिएक्ट करती है।
  • इससे फूड में बैक्टीरिया पैदा होते हैं।
  • ये बैक्टीरिया बुरे नहीं हैं। बस ये मनुष्य के खाने के लिए नहीं हैं।
  • यही कारण है कि भोजन जल्दी खराब हो जाता है।
  • अब भोजन को खराब होने से बचाना है तो उसके लिए या तो उसे फ्रिज में रखना होगा (फ्रिज का तापमान कम होता है और बैक्टीरिया को पनपने के लिए ज्यादा तापमान चाहिए।) या किसी भी अन्य तरीके से बैक्टीरिया को पनपने से रोकना होगा।
  • ऐसे में फूड को लंबे समय तक सुरक्षित रखने के लिए उसमें कुछ ऐसी चीजें मिलाई जाती हैं, जो बैक्टीरिया को पनपने से रोकती हैं।
  • इन्हें ही फूड प्रिजर्वेटिव कहते हैं। इसका शाब्दिक अर्थ है फूड को प्रिजर्व (सुरक्षित) करने वाले तत्व।
  • ये प्रिजर्वेटिव नेचुरल और आर्टिफिशियल, दोनों तरह के होते हैं।

सवाल- खाने में प्रिजर्वेटिव क्यों मिलाया जाता है?

जवाब- किसी भी फूड को लंबे समय तक सुरक्षित और ताजा बनाए रखने के लिए उसमें प्रिजर्वेटिव मिलाया जाता है। साथ ही ये खाने का स्वाद, रंग और क्वालिटी मेंटेन रखने में मदद करता है।

सवाल- फूड प्रिजर्वेटिव्स हार्ट को कैसे नुकसान पहुंचाते हैं?

जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-

  • कुछ फूड प्रिजर्वेटिव्स शरीर में इंफ्लेमेशन और ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस बढ़ाते हैं।
  • इससे ब्लड वेसल्स की इंटरनल लेयर को नुकसान पहुंचता है और ब्लड प्रेशर बढ़ता है।
  • इससे लंबे समय में हार्ट अटैक और स्ट्रोक का रिस्क बढ़ता है।
  • हालांकि यह रिस्क प्रिजर्वेटिव की मात्रा, खानपान और लाइफस्टाइल पर निर्भर करता है।

फूड प्रिजर्वेटिव्स हार्ट को कैसे नुकसान पहुंचाते हैं, ग्राफिक में देखिए-

सवाल- फूड प्रिजर्वेटिव्स हार्ट के अलावा और किन अंगों को नुकसान पहुंचाते हैं?

जवाब- कुछ फूड प्रिजर्वेटिव्स लंबे समय में किडनी, लिवर, आंत, ब्रेन और रेस्पिरेटरी सिस्टम पर बुरा असर डाल सकते हैं। सभी रिस्क ग्राफिक में देखिए-

सवाल- ये फूड प्रिजर्वेटिव्स हमारे शरीर में कैसे पहुंचते हैं?

जवाब- जब हम प्रकृति से मिलने वाली चीजें खाते हैं, तो हमारे शरीर में आर्टिफिशियल केमिकल नहीं पहुंचते हैं। लेकिन जब हम रेडी-टू-ईट फूड, पिज्जा, बर्गर, ब्रेड, सॉस, मेयोनीज जैसी अल्ट्राप्रोसेस्ड और पैकेज्ड चीजें खाते हैं तो तो उनमें मौजूद फूड प्रिजर्वेटिव्स भी शरीर में पहुंच जाते हैं।

सवाल- अगर कोई बहुत ज्यादा पैकेज्ड फूड खाता है तो उसे क्या हेल्थ प्रॉब्लम्स हो सकती हैं?

जवाब- बहुत ज्यादा पैकेज्ड और अल्ट्राप्रोसेस्ड फूड खाने से कई स्वास्थ्य समस्याओं का रिस्क बढ़ता है। इसकी वजह सिर्फ प्रिजर्वेटिव्स ही नहीं, बल्कि इनमें मौजूद ज्यादा नमक, चीनी और अनहेल्दी फैट भी हैं। सभी हेल्थ रिस्क पॉइंटर्स में देखिए-

  • हाई ब्लड प्रेशर
  • हार्ट डिजीज
  • मोटापा
  • टाइप-2 डायबिटीज
  • फैटी लिवर
  • पाचन संबंधी समस्याएं
  • किडनी डिजीज

सवाल- नेचुरल और आर्टिफिशियल प्रिजर्वेटिव में क्या फर्क है?

जवाब- नेचुरल प्रिजर्वेटिव प्राकृतिक सोर्स से मिलते हैं, जबकि आर्टिफिशियल प्रिजर्वेटिव लैब में बनाए जाते हैं। दोनों का काम फूड्स की शेल्फ लाइफ बढ़ाना है। सभी अंतर ग्राफिक में देखिए-

सवाल- पैकेज्ड फूड में कौन-से प्रिजर्वेटिव ज्यादा इस्तेमाल होते हैं?

जवाब- पैकेज्ड और अल्ट्राप्रोसेस्ड फूड को लंबे समय तक सुरक्षित रखने के लिए कई तरह के प्रिजर्वेटिव्स मिलाए जाते हैं।

FSSAI प्रिजर्वेटिव्स को पहचानने के लिए ‘इंटरनेशनल नंबरिंग सिस्टम’ (INS) कोड का यूज करता है। जब आप किसी पैकेट के पीछे ‘इंग्रीडिएंट’ लिस्ट देखते हैं, तो वहां ये कोड्स लिखे होते हैं। कॉमन प्रिजर्वेटिव्स की लिस्ट ग्राफिक में देखिए-

सवाल- इनमें से कौन-से प्रिजर्वेटिव्स रिस्की और कौन से अपेक्षाकृत सुरक्षित होते हैं?

जवाब- किसी भी प्रिजर्वेटिव की सुरक्षा उसके एक्सेप्टेबल डेली इनटेक (ADI) और सेवन की मात्रा पर निर्भर करती है।

  • सोडियम नाइट्राइट, सोडियम नाइट्रेट और कुछ सल्फाइट्स का ज्यादा इनटेक हेल्थ के लिए नुकसादायक हो सकता है।
  • वहीं नियामक संस्थाएं साइट्रिक एसिड, एसिटिक एसिड, पोटेशियम सोर्बेट और कैल्शियम प्रोपियोनेट जैसे प्रिजर्वेटिव्स का तय सीमा में इस्तेमाल सुरक्षित मानती हैं।

सवाल- किन चीजों में सबसे ज्यादा प्रिजर्वेटिव होते हैं?

जवाब- ऐसे फूड्स की लिस्ट नीचे ग्राफिक में देखिए-

सवाल- पैकेट पर इंग्रीडिएंट लिस्ट में लिखे किन शब्दों से प्रिजर्वेटिव्स को पहचानें?

जवाब- पैकेज्ड फूड खरीदते समय इंग्रीडिएंट लिस्ट जरूर पढ़ें। ऊपर ‘पैकेज्ड फूड में यूज होने वाले प्रिजर्वेटिव्स’ ग्राफिक में सभी मुख्य प्रिजर्वेटिव्स के नाम और उनका कोड नंबर दिया हुआ है। ये नंबर आपको याद होने चाहिए।

FSSAI एक तय सीमा के भीतर इन प्रिजर्वेटिव्स के इस्तेमाल की अनुमति देता है। लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि ये रेडीमेड फूड आप रोज खा सकते हैं। रोज पैकेज्ड फूड खाने का मतलब है कि आपके शरीर में रोज तय सीमा से बहुत ज्यादा प्रिजर्वेटिव्स जा रहे हैं।

सवाल- क्या ‘नो एडेड प्रिजर्वेटिव्स’ का मतलब पूरी तरह प्रिजर्वेटिव-फ्री होता है?

जवाब- नहीं, ‘नो एडेड प्रिजर्वेटिव्स’ का मतलब सिर्फ इतना है कि प्रोडक्ट में अलग से कोई प्रिजर्वेटिव नहीं मिलाया गया है। इसमें नमक, चीनी, सिरका या नींबू का रस जैसे नेचुरल प्रिजर्वेटिव हो सकते हैं। साथ ही पॉश्चराइजेशन, रेफ्रिजरेशन या एयरटाइट पैकेजिंग जैसी तकनीकों से भी फूड को सुरक्षित रखा जा सकता है।

सवाल- फूड प्रिजर्वेटिव से कैसे बचें?

जवाब- फूड प्रिजर्वेटिव्स से बचने का एक ही तरीका है। हम अपने पेट के अंदर जो चीजें डाल रहे हैं, वह ज्यादा से ज्यादा प्राकृतिक हो। खेतों में उगी हो, पेड़ों से आई हो और फिर घर में उसे पकाया गया हो। वह फूड इंडस्ट्री के द्वारा बनाई गई न हो यानी पैकेज्ड फूड न हो। प्रिजर्वेटिव्स से बचने के सभी टिप्स ग्राफिक में देखिए-

सवाल- कौन-सी चीजें नेचुरल प्रिजर्वेटिव्स हैं?

जवाब- कुछ नेचुरल चीजें बिना आर्टिफिशियल केमिकल के भी फूड्स को लंबे समय तक सुरक्षित रखने में मदद करती हैं। जैसेकि-

  • नमक
  • चीनी
  • सिरका
  • नींबू का रस
  • शहद
  • सरसों का तेल
  • मसाले (हल्दी, लौंग, दालचीनी)
  • रोजमेरी एक्सट्रैक्ट

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