स्मार्ट सिटी धर्मशाला में निवेश के नाम पर करोड़ों की धोखाधड़ी का एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ क्रिप्टोकरेंसी ट्रेडिंग और कम समय में पैसा दोगुना-तिगुना करने का झांसा देकर करीब 55 लाख रुपये की ठगी की गई है। शिकायतकर्ताओं की अर्जी पर प्रारंभि
.
इस मामले में भी ठगी का वही पारंपरिक और शातिर तरीका (Modus Operandi) अपनाया गया जो अक्सर ऑनलाइन फ्रॉड में देखा जाता है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर सुषिल वर्मा,चरण सिंह, महिंदर सिंह, राजेश कुमारी के खिलाफ मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
‘Divine Bricks’ के नाम पर हुआ खेल
शिकायतकर्ताओं में धर्मशाला निवासी आनंद अग्रवाल और अरुण कुमार ने पुलिस को बताया कि आरोपियों ने उन्हें ‘Divine Bricks Real Estate Pvt. Ltd.’ और ‘FX Trading’ नाम की कंपनियों के माध्यम से निवेश करने के लिए प्रेरित किया था। आनंद अग्रवाल ने अलग-अलग किस्तों में कुल 45 लाख रुपये का निवेश किया। अरुण कुमार ने भी ‘FX Trading’ से जुड़े खातों में लाखों रुपये की रकम डिजिटल माध्यम से ट्रांसफर की।

शुरुआत में दिखाया ‘फर्जी’ मुनाफा:
शिकायतकर्ताओं के अनुसार, शुरुआत में उन्हें एक ऐप/वेबसाइट पर निवेश की गई रकम के साथ बढ़ता हुआ मुनाफा (रिटर्न) दिखाया गया, जिससे उनका भरोसा पक्का हो गया। लेकिन जब उन्होंने अपना पैसा वापस निकालने (Withdraw) का प्रयास किया, तो आरोपियों ने भुगतान रोक दिया और फोन कॉल व मैसेज का जवाब देना बंद कर दिया।
कैसे जाल में फंसाते हैं ये शातिर ठग?
:सोशल मीडिया से संपर्क: ठग व्हाट्सएप या टेलीग्राम ग्रुप के जरिए खुद को इन्वेस्टमेंट एक्सपर्ट बताकर लोगों से जुड़ते हैं।
शुरुआती भरोसा: फर्जी वेबसाइटों या ऐप्स पर नकली ग्राफ और मुनाफा दिखाकर निवेशकों को जाल में फंसाया जाता है।
अकाउंट फ्रीज का डर: जब कोई पैसा निकालने की कोशिश करता है, तो टैक्स, प्रोसेसिंग फीस या पेनल्टी के नाम पर और पैसों की मांग की जाती है।
बैंक खातों और डिजिटल वॉलेट की होगी सघन जांच
पीड़ितों ने पुलिस से अपने डूबे पैसे की रिकवरी और आरोपियों के बैंक खातों को फ्रीज करने की गुहार लगाई है। पुलिस अब इस मामले में बैंक ट्रांजेक्शन, डिजिटल वॉलेट, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और आरोपियों के दस्तावेजों को खंगाल रही है। इस हाई-प्रोफाइल मामले की कमान एएसआई चमन लाल (नंबर 53) को सौंपी गई है, जो सभी तकनीकी और वित्तीय पहलुओं की जांच कर रहे हैं। पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर मिलने वाले ऐसे लुभावने ऑफर्स और अनधिकृत ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म्स के झांसे में न आएं।
