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Sonam Wangchuk Hunger Strike | Delhi HC Seeks Response From Govt


नई दिल्ली9 मिनट पहले

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सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल कर रहे हैं। - Dainik Bhaskar

सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल कर रहे हैं।

दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को बहुत जरूरी माना। केंद्र और दिल्ली सरकार से गुरुवार सुबह तक जवाब मांगा है।

हाईकोर्ट ने यह सुनवाई एक जनहित याचिका पर की। इसमें वांगचुक को तुरंत मेडिकल सुविधा और इलाज देने की मांग की गई है।

वांगचुक NEET पेपर लीक और परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 18 दिन से भूख हड़ताल पर हैं। उनकी हालत लगातार गिरती जा रही है। 8:50 किग्रा तक वजन गिर गया है।

वांगचुक की भूख हड़ताल की 3 तस्वीरें…

वांगचुक का वजन 8.5 kg कम हो गया है और मंगलवार को उनका ब्लड प्रेशर 109/70 mm Hg रिकॉर्ड किया गया।

वांगचुक का वजन 8.5 kg कम हो गया है और मंगलवार को उनका ब्लड प्रेशर 109/70 mm Hg रिकॉर्ड किया गया।

उनकी तबीयत बिगड़ने पर आंदोलन कर रहे साथियों ने उन्हें पकड़कर चलवाया।

उनकी तबीयत बिगड़ने पर आंदोलन कर रहे साथियों ने उन्हें पकड़कर चलवाया।

जंतर-मंतर पर मेडिकल टीम समय-समय पर वांगचुक का चेकअप किया जा रहा है।

जंतर-मंतर पर मेडिकल टीम समय-समय पर वांगचुक का चेकअप किया जा रहा है।

याचिका में इमरजेंसी ट्रीटमेंट देने की मांग

  • सरकार सोनम वांगचुक को तुरंत इमरजेंसी ट्रीटमेंट, जीवनरक्षक उपचार और जरूरी पोषण उपलब्ध कराए। साथ ही सरकार उनके आंदोलन से जुड़े मुद्दों पर बातचीत भी शुरू करे।
  • भूख हड़ताल के बाद से सोनम वांगचुक का करीब 8.25 किलो वजन घट गया है। उन्हें लो ब्लड शुगर, चक्कर, ज्यादा कमजोरी और मांसपेशियां कमजोर होने जैसी दिक्कतें हो रही हैं।
  • किसी की जान खतरे में होने पर सरकार चुप नहीं रह सकती। भूख हड़ताल शांतिपूर्ण विरोध का अधिकार है, लेकिन नागरिक की जान बचाना भी सरकार की जिम्मेदारी है।

CJP का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) नीट पेपर लीक के विरोध में 20 जून से जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रही है। वे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। सोनम वांगचुक भी उनके आंदोलन में शामिल हैं। CJP चीफ जस्टिस सूर्यकांत के बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से करने के बाद बनी थी।

लद्दाख को राज्य की मांग को लेकर वांगचुक 170 दिन जेल में रहे

लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे सोनम वांगचुक 170 दिन तक जोधपुर जेल में रहे। उनके अनशन के दौरान 24 सितंबर 2025 को लेह में हिंसा हुई, जिसमें 4 लोगों की मौत और 90 लोग घायल हुए।

सरकार ने हिंसा भड़काने का आरोप वांगचुक पर लगाया। इसके दो दिन बाद, 26 सितंबर को उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेज दिया गया।

इरोम शर्मिला करीब 16 साल भूख हड़ताल पर रहीं

वांगचुक को भूख हड़ताल करते हुए 18 दिन हो गए हैं। महात्मा गांधी से लेकर जीडी अग्रवाल तक कई नेता-सामाजिक कार्यकर्ता अलग-अलग मांगों को लेकर भूख हड़ताल करते रहे हैं। इरोम शर्मिला मणिपुर से AFSPA हटाने की मांग को लेकर 16 साल भूख हड़ताल पर रहीं।

3 हफ्ते से ज्यादा भूखा रहने पर दूसरे बॉडी पार्ट्स पर असर

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वांगचुक 17 दिन से अनशन पर, 8.5kg वजन घटा, उद्धव-महुआ और अखिलेश की भूख हड़ताल खत्म करने की अपील

सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को 17 दिन हो चुके हैं। उनका वजन 8.5kg कम हो गया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव, शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे, टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा, एक्टर नसीरुद्दीन शाह, रत्ना पाठक शाह, राइटर अरुंधति रॉय समेत कई प्रमुख हस्तियों ने सोनम से अनशन खत्म करने की अपील की है। पूरी खबर पढ़ें…

कॉकरोच पार्टी फाउंडर दीपके ने पुलिस के पैर पकड़े, जंतर-मंतर पर टेंट लगाने की इजाजत मांगी

नीट पेपर लीक के विरोध में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) 20 दिन से जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रही है। फाउंडर अभिजीत दीपके ने पुलिसवालों के पैर पकड़े और हाथ जोड़े। वे टेंट लगाने की इजाजत मांग रहे थे ताकि भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों को बारिश से बचाया जा सके। पूरी खबर पढ़ें…

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