![]()
हरियाणा के पंचकूला में बुटीक संचालिक का दिनदहाड़े गला काटकर मर्डर कर दिया गया। बुटीक में ही वारदात हुई। खून से लथपथ लेडी को एक कारपेंटर बाइक पर अस्पताल लेकर गया। डॉक्टरों ने ट्रीटमेंट शुरू किया, लेकिन अधिक खून बहने की वजह से बचा नहीं सके। प्रत्यक्षदर्शी कारपेंटर का कहना है कि महिला जमीन पर लेटी हुई डायरी पर कुछ लिख रही थी। पुलिस के मुताबिक, खून से सनी डायरी के पन्ने पर लिखा है- मुझे मारने वाला मेरा पति है, प्लीज हेल्प। सास है और मेरी ननदें हैं प्रीति व नीतू। मेरा देवर… प्रारंभिक जांच में सामने आया कि महिला दो बेटियों के साथ किराये के मकान में रह रही थी और रितू बुटीक चलाती थी। इसके साथ ही लड़कियों सिलाई भी सिखाती थीं। CCTV में कैद हुआ पूरा मर्डर सीन 11ः54 पर बुटिक में घुसा हत्यारा 2 मिनट 22 सेकेंड में मर्डर कर शटर डाउन किया बुटिक संचालिका ने गर्दन कटने के बाद भी किया बचने का संघर्ष गली से गुजर रही महिला ने हेल्प के लिए बुलाया बाइक पर अस्पताल लेकर गए, बचाया नहीं जा सका यहां सिलसिलेवार पढ़िए, पूरा मामला बुटीक के बाहर खड़ी बेटियां मम्मी-मम्मी कहकर रोती रहीं मर्डर की सूचना के बाद पुलिस टीम महिला के घर गई और वहां से राजेंद्र कौर की दोनों बेटियों को लेकर बुटीक पहुंची। दोनों बेटियां गली में रोते-रोते दौड़कर बुटीक के बाहर पहुंची। बुटीक के शीशे के दरवाजे पर ताला लगा था। दोनों बेटियां मम्मी-मम्मी कहकर रोने लगी। उसके बाद पुलिस दोनों बेटियों को लेकर उस कॉलोनी के लिए रवाना हुई, जहां उनके पिता रहते हैं। प्रत्यक्षदर्शी कारपेंटर राजू ने बताया घटनाक्रम महिला को अस्पताल पहुंचाने वाले कारपेंटर राजू ने बताया, मैं रत्नपुर के सामने अग्रवाल फर्नीचर में काम करता हूं। एक महिला घर से झाड़ू-पोंछा करके निकली थी। उसने मेरी दुकान पर आकर कहा कि ” भैया, वहां पर एक मैडम लंबी पड़ी हुई है, जाकर देख लो।” जब मैं मौके पर पहुंचा तो वहां तीन-चार लोग खड़े थे। इन लोगों ने मुझसे कहा कि इनको जल्दी हॉस्पिटल ले जाओ। तभी वहां से एक युवक बाइक से गुजर रहा था। उसे हमने रोका और उसकी बाइक पर खून से लथपथ महिला को बैठा के अस्पताल तक पहुंचाया। मैं इस महिला को नहीं जानता। उसके बाद एक डायरी थी, वो मैंने डॉक्टर को दे दी। डॉक्टर बोले- महिला की गर्दन कटी थी पिंजौर प्राइमरी हेल्थ सेंटर के डॉ. राजीव ने बताया कि करीबन 12:15 से 12:20 के बीच राजू नाम का व्यक्ति महिला को लेकर आया था। उसकी उम्र करीब 30 साल रही होगी, जब वो हमारे पास आई तो वो सेमी-कॉन्शियस थी। उसकी गर्दन कटी हुई थी, बहुत ज्यादा ब्लीडिंग थी। मैंने और दूसरे डॉक्टर ने मिलकर ट्रीटमेंट देने की कोशिश की, लेकिन ट्रीटमेंट के दौरान वह एक्सपायर हो गई। इसके बाद हमने पुलिस को भी इन्फॉर्म कर दिया था। इसके बाद पुलिस आई और डेडबॉडी कालका मॉर्च्युरी हाउस भेज दी। महिला के पास मिली डायरी पुलिस को सौंप दी गई।
Source link
बुटीक संचालिका का गला काटकर मर्डर:पंचकूला में खून से सनी डायरी पर लिखा-मारने वाला मेरा पति; शटर उठाकर मदद को चिल्लाती रहीं
